एटा। प्रसाद लेकर आ जाओ, जहां चाहो वहां तैनात करा देंगे। देख लो बाद में मत कहना। कुछ इन्हीं जुमलों के साथ वह सिपाहियों का आर्थिक शोषण कर रहा था। सिपाहियों से मनचाही पोस्टिंग के नाम पर वरिष्ठ लिपित वसूली करता था। गुरुवार रात को ऑडियो वायरल होने के बाद विभाग में हड़कंप मच गया। मामले की जानकारी पर एसएसपी ने लिपिक को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया।
अपर पुलिस अधीक्षक कार्यालय में तैनात वरिष्ठ लिपिक मक्खनलाल का गुरुवार रात ऑडियो सोशल मीडिया में वायरल हो गया। ऑडियो में वह एक सिपाही से मनचाही पोस्टिंग कराने के नाम पर वसूली की बात कर रहा है। उसने सिपाही से कहा कि प्रसाद लेकर आ जाओ तुम्हारा काम हो जाएगा। सिपाही ने पूछा कि कैसे हो जाएगा? तो बोले कि तुम आ जाओ कुछ गुंताड़ा करता हूं। गुरुवार को आडियो वायरल होते ही पुलिस विभाग में हड़कंप मच गया। विभाग के उच्चाधिकारियों को जानकारी हुई, तो एसएसपी अखिलेश चौरसिया ने लिपिक मक्खनलाल को निलंबित करने के निर्देश दे दिए।
कोर्ट के आदेश की अनदेखी पर कार्रवाई
रिजोर थाने में तैनात एसआई हरिभान सिंह को शुक्रवार को एसएसपी ने निलंबित कर दिया। बताया जाता है कि एसआई ने कोर्ट के आदेश के बाद दी गई जांच में रुचि नहीं ली। इस पर कोर्ट ने एसएसपी को तलब करते हुए फटकार लगाई। एसएसपी अखिलेश चौरसिया ने कार्रवाई करते हुए एसआई को निलंबित कर दिया।
पहले भी खुलते रहे हैं मामले
सिपाहियों से ट्रांसफर पोस्टिंग के नाम पर वसूली का जिले में यह पहला मामला नहीं है। इससे पहले भी सिपाहियों ने एक लिपिक पर ऐसे में आरोप लगाए थे लेकिन कार्रवाई नहीं हो सकी।
लिपिक की ऑडियो की जानकारी मिली है। प्रथम दृष्टया मामला संदिग्ध है। लिपिक को निलंबित कर दिया है। वहीं कोर्ट के आदेश की अवहेलना पर एसआई को निलंबित किया गया है। विभाग में वसूली नहीं होने दी जाएगी।
अखिलेश चौरसिया, एसएसपी