जिले की फोरलेन सड़क योजना में वृक्षों को काटने का मामला लंबित चल रहा है। जिसके चलते सड़क परियोजना अटकी पड़ी है। काटे जाने वाले वृक्षों के बदले नए पौधे लगाए जाने हैं। वृक्षों के काटने की एनओसी का मामला लंबित चल रहा है। अब वन विभाग एवं लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों के साथ प्रमुख सचिव बैठक करके इस मामले को निस्तारित करेंगे।
गौरतलब है कि एटा से कासगंज जिला मुख्यालय तक फोरलेन सड़क निर्माण की योजना संचालित है। इस सड़क परियोजना पर पुलियों का निर्माण काफी हो चुका है, जबकि पुल का निर्माण चल रहा है। पेड़ काटे जाने की एनओसी काफी समय से अटकी पड़ी है। जिसके चलते सड़क निर्माण का कार्य भी लटका हुआ है।
केंद्रीय पर्यावरण मंत्रालय से एक बार फाइल में तकनीकी कमी होने के कारण वापस लौट चुकी है। अब वन विभाग के प्रमुख सचिव ने 20 सितंबर को इस संबंध में समीक्षा बैठक बुलाई है। जिसमें इस पूरे मामले की समीक्षा होगी। काटे जाने वाले वृक्षों के मुकाबले कहां कितनी पौध रोपित होंगी इसकी समीक्षा भी की जाएगी। कासगंज क्षेत्र में करीब 3 हजार पेड़ काटा जाना प्रस्तावित है। लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता सीपी सिंह का कहना है कि प्रमुख सचिव की बैठक में एनओसी के मामले की समीक्षा के बाद निस्तारण किया जाएगा।