जनपद में किसानों में फसलों का बीमा कराने के लिए जागरूकता नहीं है। जिले के करीब 1.91 लाख किसानों में से मात्र 6879 किसानों ने ही प्रधानमंत्री फसल बीमा के तहत अपने बीमा कराएं। इन्हें फसल बीमा का लाभ लेने के लिए नामित बीमा कंपनी को 48 घंटे में सूचना देनी होगी। तभी कंपनी के अधिकारी सर्वे करेंगे।
जनपद में 8 अप्रैल को आंधी और बारिश हुई। जिससे किसानों का खासा नुकसान हुआ। इसके बाद फिर से 11 अप्रैल को आंधी और बारिश हुई। जिससे किसानों की खड़ी फसलें भीग गई और तेज हवाओं के चलते गेहूं की फसलें खेतों में गिर गई। जनपद में 6879 किसानों ने प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के अंतर्गत बीमा कराया। जिससे आपदा में नुकसान होने पर उन्हें फसल के नुकसान की भरपाई हो सके।
जिला कृषि अधिकारी सुमित कुमार ने बताया कि जनपद में योजना के तहत बीमा के लिए यूनीवर्सल सोम्पो जनरल इंश्योरंस कॉर्पोरेशन को नामित किया गया है। उन्होंने कहा कि किसान नुकसान की जानकरी 48 घंटे में कंपनी के अधिकारियों को दें, या फिर संबंधित लेखपाल, बैंक अथवा कृषि विभाग के कर्मचारियों से संकपर्क कर अपनी शिकायत 48 घंटे के अंदर दर्ज कराएं। शिकायत दर्ज कराने के लिए कंपनी का टोलफ्री नंबर 18002700462 है। इसके बाद दर्ज कराई गई शिकायतों पर कार्रवाई नहीं हो सकेगी। उन्होंने किसान सलाह दी कि भींगी हुई फसलों धूप निकलते ही पलटते रहे और सूखा कर मढ़ाई कर लें। इसके बाद ही थ्रेसिंग करें।