भोगांव (मैनपुरी)।
सराफा व्यापारी राजेश वर्मा हत्याकांड का पांचवें दिन भी खुलासा नहीं हो सका। वहीं परिवारीजनों का क्रमिक अनशन दूसरे दिन भी जारी रहा। मंगलवार को पूर्व नगर पंचायत अध्यक्ष बदरुनिशा बेगम, उपमा दीक्षित सहित अन्य लोग भी अनशन पर बैठे। दूसरी ओर, पूर्व मंत्री शिवपाल सिंह यादव भी पहुंचे। परिवारीजनों से बात कर मामले को विधानसभा में उठाने की बात कही।
मंगलवार को क्रमिक अनशन के दूसरे दिन पुलिस की निष्क्रियता पर सवाल उठाते हुए वक्ताओं ने लापरवाह अधिकारियों के खिलाफ भी कार्रवाई की मांग की। नगर व्यापार मंडल के अध्यक्ष नितिन उमेश एवं शिवशंकर वर्मा ने कहा कि यदि पुलिस ने शीघ्र की घटना का खुलासा नहीं किया तो जल्द ही व्यापारी भूख हड़ताल करने को मजबूर होंगे। इस आंदोलन में शामिल होने के लिए अन्य जिलों के व्यापारी भी भोगांव आ रहे हैं। पूर्व राज्यमंत्री आलोक शाक्य भी क्रमिक अनशन स्थल पर पहुंचे। परिवारीजनों को हर संभव मदद का भरोसा दिया।
वहीं देर शाम अनशन पर बैठे परिवारीजनों से मिलने विधायक शिवपाल सिंह यादव भी पहुंचे। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार में चारों तरफ हाहाकार मचा है। भाजपा सरकार के कार्यकाल में आए दिन व्यापारियों के साथ घटनाएं हो रही हैं। किंतु भाजपा सरकार अपराधियों के विरुद्ध कोई कार्रवाई नहीं कर रही है। उन्होंने कहा कि राजेश वर्मा हत्याकांड को वह विधानसभा में उठाएंगे। राजेश वर्मा के परिवारीजनों ने शिवपाल सिंह यादव से शिकायत की है कि पुलिस जांच के नाम पर खानापूर्ति कर रही है। इस पर शिवपाल सिंह ने कहा कि शीघ्र ही घटना का खुलासा न हुआ तो खुद इस घटना को लेकर आंदोलन करेंगे। उनके साथ राजकुमार यादव, आशीष तिवारी, मनोज दीक्षित, अब्दुल सलाम, अयाज मंसूरी, सौरभ यादव, सोनी यादव आदि लोग मौजूद थे।
शिवपाल सिंह यादव नगर के पडुआ रोड स्थित राकेश यादव के आवास और नगर के समाजसेवी रामौतार यादव के घर पर भी गए और उनका हालचाल लिया। क्रमिक अनशन पर छेदालाल वर्मा, पुष्पेंद्र कुमार गुप्ता, कौशलेंद्र सिंह चौहान, मनोज कुमार, कुलदीप गुप्ता, दिलीप गुप्ता, जाकिर अली, मासूक अली, मुकेश कुमार, बाबूराम पाल, गोपालदास लोधी, बाबा रामोतार यादव, अंजू गुप्ता, भाग्यवती, गीता गुप्ता, अंजू वर्मा, गुड्डो देवी, अनीता वर्मा, सीमा सिंह सहित बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे।
सपा नेताओं ने बनाई दूरी
शिवपाल सिंह यादव के नगर में पहुंचने पर प्रमुख सपा नेताओं ने उनसे दूरी बनाए रखी। सपा नेताओं की यह दूरी चर्चा का विषय बनी रही। कोई भी सपा का बड़ा नेता उनके कार्यक्रम में शामिल होने नहीं पहुंचा।