कासगंज (एटा)। कोटरा गांव के पास शनिवार देर शाम अनियंत्रित ऑल्टो कार हजारा नहर में गिर गई। हादसे में कार में सवार दंपति की मौके पर ही मौत हो गई और एक बालक लापता हो गया। मौके पर मौजूद ग्रामीणों ने एक दंपति और तीन बच्चों को डूबने से बचा लिया।
बताया गया कि कार में सवार गुलाबपुर अवागढ़ के लोग सेंबर गांव में अपने बहनोई शिशुपाल के यहां विवाह समारोह में हिस्सा लेकर लौट रहे थे। ये लोग कोटरा गांव में अपनी रिश्तेदारी में घूमने के बाद नहर के रास्ते अवागढ़ लौट रहे थे। गांव से निकलते ही हादसा हो गया।
कार नहर में घुसती देख नहर किनारे मौजूद ग्रामीण दौड़ पड़े। उन्होंने सभी कार सवारों को नहर से निकाला। इसमें पुष्पेंद्र (35) पुत्र अजब सिंह उनकी पत्नी कुसमा (30) की मौके पर ही मौत हो गई। जबकि आर्यन (6) पुत्र इंद्रपाल लापता हो गया।
अन्य सवारों में इंद्रपाल पुत्र यादराम, सुनीता पत्नी इंद्रपाल और इंद्रपाल के तीन बच्चे निशा, विपिन और अजित को बचा लिया गया। ग्रामीणों ने इन्हें नहर से निकालकर इनके पेट में भरे पानी को निकाला। ये सभी गुलाबपुर अवागढ़ के रहने वाले हैं।
सूचना पर कासगंज और ढोलना की पुलिस मौके पर पहुंच गई। पुलिस क्षेत्राधिकारी शैलेंद्र लाल, एसडीएम भरतलाल सरोज, विधायक देवेंद्र राजपूत भी मौके पर आ गए। मृतकों और रिश्तेदारों के परिवार में कोहराम मचा हुआ है।
आर्यन की तलाश कर रही पीएसी
एसडीएम भरतलाल सरोज और सीओ शैलेंद्र लाल ने नहर में लापता बालक आर्यन की तलाश के लिए पीएसी फ्लड यूनिट को मौके पर बुलाया। समय साढ़े छह बजे फ्लड यूनिट नहर पर पहुंच गई जहां बालक की तलाश की जा रही थी। पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर मौजूद थे। आर्यन के पिता इंद्रपाल रो रोकर बुरा हाल था। इंद्रपाल को भतीजे और उसकी बहू की मौत का भी भारी गम है।
ग्रामीणों ने बचा ली पांच की जान
कोटरा गांव के ग्रामीणों ने साहस का परिचय देते हुए पांच लोगों की जान बचा ली। बताया गया कि मौके पर सबसे पहले जय प्रकाश, रामनिवास, चंदन, प्रेमकुमार, शिवदयाल ने अन्य लोगों के साथ नहर में छलांग लगा दी और डूबते लोगों को निकालकर लाए।