मैनपुरी। होली के पकवान खाने के बाद लोगों को डायरिया और पेटदर्द की समस्या बढ़ गई है। टीबी और बुखार के मरीज भी जिला अस्पताल में पहुंचने लगे हैं। जिला अस्पताल में बुखार व टीेबी से पीड़ित दो मरीजों की मौत हो गई। जबकि डायरिया व बुखार से पीड़ित 10 अन्य मरीजों को गंभीर हालत में भर्ती कराया गया।
होली के त्योहार लोगों के लिए कई प्रकार की बीमारियां लगने लगी हैं। शुक्रवार सुबह से ही जिला अस्पताल में मरीजों की भीड़ रही।
होली का अवकाश होने के कारण अस्पताल में 11 बजे तक ओपीडी चली। इसमें 500 से अधिक मरीजों को उपचार दिया गया। इसके बाद सिर्फ इमर्जेंसी सेवा ही सुचारू रही। यहां डायरिया, पेटदर्द, बुखार, अस्थमा आदि के मरीजों की भीड़ रही। जिला अस्पताल में बुखार से पीड़ित भर्ती मरीज अनामिका की उपचार के दौरान मौत हो गई। जबकि टीबी से पीड़ित रामचंद्र ने भी जिला अस्पताल में उपचार के दौरान दम तोड़ दिया। सात मरीजों को डायरिया से तथा तीन मरीजों को बुखार से पीड़ित होने पर जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया।
होली के त्योहार पर दो महिलाएं दूषित भोजन खाने से फूड पॉइजनिंग का शिकार हो गईं। उन्हें परिजनों ने गंभीर हालत में जिला अस्पताल में भर्ती कराया है। नगर के मोहल्ला वंशीगोहरा निवासी महिपाल सिंह की 55 वर्षीय पत्नी शारदा देवी होली की गुझिया खाने के बाद फूड पॉइजनिंग का शिकार हो गईं। वहीं राजा का बाग निवासी हीरालाल की 62 वर्षीय पत्नी प्रेमा देवी भी होली की गुझिया खाने के बाद फूड पॉइजनिंग का शिकार हो गईं।