मथुरा। अब आधे शहर में बिजली लाइन भूमिगत की जाएगी। इसके लिए सर्वे शुरू हो गया है। लखनऊ से पहुंची चीफ इंजीनियर की टीम ने एक एक प्वाइंट को देखा। इस पर करीब चालीस करोड़ की लागत आएगी।
हालांकि पहले होलीगेट से लेकर द्वारिकाधीश मंदिर तक अंडरग्राउंड केबिल बिछाने के लिए 10 करोड़ का एस्टीमेट तैयार किया गया था। काम भी शुरू हो गया था लेकिन अब दायरा बढ़ा दिया है। आधे शहर में केबिल बिछाई जानी है। अब पुराना बस अड्डा इलाका, जुबली पार्क, होलीगेट से द्वारिकाधीश मंदिर, होलीगेट से भरतपुरगेट पुलिस चौकी तक, मंडी रामदास, घीयामंडी, मिलन टाकीज, मसानी रोड, अग्रसेन चौराहा वृंदावन रोड तक अंडरग्राउंड केबिल बिछाई जाएगी।
इसमें तिराहे चौराहों, गली के मुहानों और नुक्कड़ों पर एलईडी लाइट लगेेंगी। इस पर बिजली विभाग 40 करोड़ खर्च करेगा। गुरुवार को सर्वे करने लखनऊ के चीफ इंजीनियर डीपी श्रीवास्तव, एक्सईएन रोहित सारस्वत मथुरा आए। एसई शहर राघवेंद्र सिंह ने बताया संशोधित एस्टीमेट को लेकर सर्वे रिपोर्ट बनाई जा रही है।
अस्थायी बिजली क नेक्शनों पर लगेंगे प्रीपेड मीटर
अस्थायी निर्माण कार्य कराने, मेला लगाने, शादी और अन्य किसी कार्य के लिए कनेक्शन लेने पर अब बिजली विभाग प्रीपेड मीटर लगाएगा। पहले चरण में ट्रायल के तौर पर 100 प्रीपेड मीटर लगेंगे। एक्सईएन प्रथम अरविंद कुमार पांडेय ने बताया कि हाल ही में विभाग को 100 प्रीपेड मीटर मिले हैं। इनका प्रयोग किया जाएगा। पहले चरण में अस्थायी कनेक्शनों के लिए प्रीपेड मीटर जारी होंगे।