घिरोर (मैनपुरी)। क्षेत्र के ककरैट गांव के 16 महीने के मासूम बच्चे का शुक्रवार की शाम अपहरण कर लिया गया। घटना से सनसनी मच गई। हालांकि करीब सात घंटे की मशक्कत के बाद पुलिस ने अपहर्ता को गिरफ्तार करके मासूम को सुरक्षित बरामद कर लिया है। पुलिस के मुताबिक अपहर्ता के खिलाफ कई आपराधिक मामले दर्ज हैं। उसने फिरौती के लिए बच्चे को अगवा किया था।
थाना क्षेत्र के गांव ककरैट निवासी शीलेश का 16 माह का पुत्र अरुण शुक्रवार शाम अचानक घर से लापता हो गया। काफी खोजबीन के बाद भी बच्चे के नहीं मिलने से हड़कंप मच गया। परिवारीजनों ने थाने पहुंचकर पुलिस को सूचना दी। साथ ही कुछ संदिग्ध लोगों के घर के आसपास कई दिनों से घूमने की बात भी बताई।
अपहरण की आशंका पर थानाध्यक्ष ने उच्चाधिकारियों को घटना से अवगत कराया। खुद फोर्स के साथ बच्चे की तलाश में जुटे। वहीं बच्चे की खोजबीन में चार थानों की फोर्स भी लगा दी गई। पुलिस की टीमें रात भर बच्चे की तलाश में लगी रहीं। इसी बीच थानाध्यक्ष को मुखबिर से सूचना मिली कि फिरोजाबाद के सिरसागंज के गांव नगला कोठी निवासी सुभाष शाक्य कुछ दिनों से गांव में बच्चे की रेकी कर रहा था। भागवत कथा में भी वह आया था।
परिवारीजनों ने जब उससे आने का कारण पूछा तो वह प्रसाद लेकर वहां से चला गया था। इसके कुछ देर बाद ही बच्चा लापता हो गया। इस जानकारी पर पुलिस ने सिरसागंज में दबिश दी और ककरैट नाला के समीप सुभाष शाक्य को धरदबोचा। शनिवार सुबह करीब चार बजे कड़ी मशक्कत के बाद बच्चे की बरामदगी भी कर ली। पुलिस के मुताबिक सुभाष के खिलाफ पांच मामले दर्ज हैं। मुकदमा लड़ने के लिए उसे रुपये की जरूरत थी। इसलिए उसने बच्चे का अपहरण किया था।
गांव ककरैट से 16 माह के बच्चे को अगवा किए जाने के मामले में पीआरवी थाना पुलिस एवं अधिकारियों को भ्रमित करती रही। जानकारी दी कि बच्चे का अपहरण नहीं बल्कि वह कहीं गुम हो गया है। पर, अधिकारियों ने बच्चे के न मिलने तक तलाश करते रहने के निर्देश दिए।
एसओ सुभाष चंद्र पांडेय ने बताया कि पकडे़ गए आरोपी पर वर्ष 2012 में एक 17 वर्षीय किशोर के अपहरण व हत्या का मामला भी दर्ज है। फिरौती के उद्देश्य से बच्चे का अपहरण किया गया था। आरोपी को जेल भेजा है। उसके दो साथी भाग गए हैं। फरार युवकों और गैंग के अन्य सदस्यों के बारे में पता लगाया जा रहा है।