कोसीकलां (मथुरा)। सस्ते दामों में सामान खरीदने के बहाने लूट करने वाले टटलू गैंग पुलिस की पकड़ से दूर हैं। पिछले दिनों इन्होंने एक के बाद एक तीन घटनाओं को अंजाम दिया, लेकिन पुलिस इनका सुराग भी नहीं लगा सकी है।
संत नगर दिल्ली निवासी किराना व्यवसायी राकेश कुमार दुबे को 26 मई को कम दामों में काजू बेचने का लालच देकर मारपीट कर सात हजार रुपये, सोने की अंगूठी और मोबाइल लूट लिए। बदमाश बाइक लेकर फरार हो गए। छह जून को गोरखपुर निवासी मनोज को सस्ते दामों में बोलेरो गाड़ी बेचने का झांसा देकर हथियारों के बल पर उनसे 50 हजार रुपये और दो मोबाइल लूट लिए। आठ जून को बदमाशों ने तेलंगाना के करीम नगर के गांव चौपाडंडी निवासी चंद्रशेखर कोकूला कार बेचने के बहाने बुलाकर पीटा व उनसे 3.15 लाख रुपये, मोबाइल और सोने की चेन लूट ली।
पुलिस इन तीनों घटनाओं में टटलुओं का सुराग भी नहीं लगा सकी है। पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया। होता यह है कि दूरदराज के लोग रिपोर्ट कराने के बाद थाने के चक्कर तो काट नहीं पाते और पुलिस समय सीमा के बाद मामलों में फाइनल रिपोर्ट लगाकर फाइल को बंद कर देती है।
प्रभारी निरीक्षक अमित कुमार ने बताया कि गांवों में बोर्ड लगाकर टटलुओं की कारगुजारियों के बारे में साफ-साफ लिखा हुआ है। घटनाओं के खुलासे को टीमें लगी हुई हैं।