एटा। जाम से जूझते जिले की सड़कों से दो हजार वाहन हटने वाले हैं। जिले में 15 साल से अधिक पुराने वाहनों का पंजीकरण एआरटीओ ने निलंबित कर दिया है। वहीं वाहन स्वामियों को छह महीने तक दूसरे राज्यों में नवीनीकृत कराना होगा। इसे लेकर एआरटीओ ने वाहन स्वामियों को नोटिस जारी किए हैं।
पर्यावरण प्रदूषण और शहर में बढ़ते जाम की समस्या की प्रमुख वजह वाहनों का बढ़ता बोझ है। बीते दिनों प्रशासनिक स्तर पर इससे निपटने की तमाम कवायदें की गई। इसे लेकर अगस्त 2018 में विभाग ने वाहन स्वामियों को नोटिस जारी कर वाहनों का नवीनीकरण अन्यत्र राज्यों में कराने के निर्देश दिए थे। जिसके बाद करीब 1500 वाहन स्वामियों ने नवीनीकरण करा लिया। जबकि विभाग ने शेष बचे वाहन स्वामियों को नवीनीकरण के निर्देश जारी करते हुए पंजीकरण निलंबित कर दिए हैं। उन्होंने निर्देश दिए हैं वाहन स्वामी 20 अगस्त 2019 तक पंजीयन का नवीनीकरण करा लें, अन्यथा 30 अगस्त 2019 को पंजीकरण को निरस्त कर दिया जाएगा।
इस सीरीज के वाहन होंगे बाहर
यूपी टी, यूपी 82, यूपी 82 ए, यूपी 82 बी, यूपी 82सी, यूपी 82डी, यूपी 82ई
आंकड़ों पर नजर
3500 वाहन जिले में किए गए है चिह्नित
2500 जिले में है दो पहिया वाहन
1000 जिले में चौपहिया तथा भारी वाहन
1500 वाहनों का हो चुका है नवीनीकरण
जिले में 3500 वाहन 15 साल और उससे अधिक के अवधि को पूरा करने चुके हैं। ऐसे वाहनों स्वामियों को नवीनीकरण के लिए नोटिस दिया गया था। जिसमें कुछ ने नवीनीकरण करा लिया है। शेष के पंजीकरण को निलंबित कर दिया गया है। अगर छह महीने में नवीनीकरण नहीं होता है, तो पंजीकरण निरस्त कर दिया जाएगा।
हेमचंद्र गौतम, एआरटीओ प्रशासन