मैनपुरी। डीआईओएस कार्यालय के लेखा विभाग द्वारा शासनादेश की अनदेखी की जा रही है। सचिव उत्तर प्रदेश शासन के निर्देश के बाद भी सहायता प्राप्त माध्यमिक कालेजों में कार्यरत नई पेंशन पाने वाले जनपद में तैनात 378 शिक्षकों को फरवरी का वेतन नहीं दिया गया है। फरवरी के वेतन के बाद अब उनका मार्च का वेतन भी फंसने की संभावना बढ़ गई है।
डीआईओएस कार्यालय द्वारा वर्ष 2005 के बाद नियुक्ति नई पेंशन योजना पाने वाले शिक्षकों के साथ सौतेला व्यवहार किया जा रहा है। वेतन की ग्रांट होने के बाद भी उन लोगों को फरवरी का वेतन नहीं दिया गया। जबकि सचिव उत्तर प्रदेश शासन मुकेश मित्तल ने 27 फरवरी को डीएम को पत्र भेजकर होली के त्योहार से पहले 28 फरवरी तक वेतन जारी कराने के निर्देश दिए थे। माध्यमिक शिक्षा विभाग ने भी राजकीय तथा राष्ट्रीय माध्यमिक शिक्षा अभियान के तहत कार्यरत शिक्षकों का वेतन तो भेज दिया, लेकिन माध्यमिक स्कूलों में कार्यरत नई पेंशन योजना पाने वाले 378 शिक्षकों का वेतन जारी नहीं किया गया। विभाग इसका कारण शासन से एनपीएस के लिए मिलने वाली 10 प्रतिशत धनराशि उपलब्ध न होना बता रहा है।