एटा। लगातार मौसम का मिजाज बदल रहा है। रविवार शाम तेज हवाओं के साथ बरसात हुई। अचानक ओले गिरना शुरू हो गए। तेज हवाओं से खेतों में पड़ा भूसा उड़ गया। वहीं कटी हुई फसल को भी काफी नुकसान हुआ है।
रविवार को दिन में भीषण गर्मी से लोग अकुलाते रहे। शाम आठ बजे के करीब बारिश होना शुरू हो गई। बारिश के साथ अचानक ओले गिरना शुरू हो गए। मौसम में आए बदलाव ने जहां किसानों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं, तो लोगों को गर्मी से राहत मिली है।
बारिश के साथ ओले इतने तेज थे कि वाहनों के शीशों को बचाने के लिए कारों को रोकना पड़ा। जलेसर, अवागढ़, बसुंधरा, मारहरा व निधौली कलां क्षेत्र में भी जमकर ओले बरसे। किसानों ने बताया कि ओले इतने तेज थे कि पशुओं को बांधने के दौरान ओलों से वे जख्मी हो गए।
अभी भी किसान की 20 फीसदी फसल में नुकसान होने की आशंका है। इस बार किसान पर प्रकृति का कहर जमकर टूटा है। फसलों को बारिश, आंधी और ओलावृष्टि से भारी नुकसान हुआ है। किसान नेता अखिल संघर्षी का कहना है कि बरसात के साथ हुए ओलावृष्टि से किसान को काफी नुकसान हुआ है। प्रशासन को किसानों को मुआवजा मुहैया कराना चाहिए।