लखनऊ। नक्शा पास करते समय रखी गईं लखनऊ विकास प्राधिकरण की शर्तों का उल्लंघन करने पर एलडीए ने मंगलवार को होटल हयात चार्टर का नक्शा सस्पेंड कर दिया।
मानचित्र रद्द करने की कार्रवाई कंपनी द्वारा मकानों की मरम्मत का काम पूरा होने के बाद की जाएगी।
गोमतीनगर के विभूतिखंड में भूखंड संख्या टीसी-13 में हयात ग्रुप के होटल चार्टर के निर्माण के लिए सितंबर 2012 में एलडीए से नक्शा पास करवाया गया था।
खोद दिया गया बड़ा गड्ढा
नक्शा प्राधिकरण ने परमिट संख्या 33688 के माध्यम से स्वीकृत किया था। 5002 वर्ग मीटर में कुल 15 तल और ट्रिपल बेसमेंट का होटल प्रस्तावित है। होटल निर्माण के आगाज के साथ में यहां विशाल गड्ढा खोदा गया था। जेसीबी मशीनों और पुकलैंड के जरिए खोदे जा रहे बेसमेंट की वजह से लोगों के घरों के दरवाजे ब्लॉक हो गए थे।
खोदाई से हुआ काफी नुकसान
यहां गांव रिसहापुरवा की आबादी रहती है। खोदाई की वजह से यहां सीवर और वाटर लाइन को भी नुकसान हुआ था। कंपनी ने यहां 13 मीटर खोदाई की बात की जानकारी एलडीए को दी थी। इतने ही क्षेत्र की मिट्टी खनन का शुल्क जमाकर खनन विभाग से अनुमति भी ली थी।
नियमों का नहीं हुआ पालन
मगर मौके पर खोदाई 18 मीटर किया गया, यह मानचित्र के नियमों का खुला उल्लंघन है। इसी वजह से इस इलाके के लोग प्रभावित हुए। प्राधिकरण के उपाध्यक्ष ने पहले ही कहा था कि, नक्शा रद्द किया जाएगा। इस संबंध में जोन से रिपोर्ट मांगी गई थी।
रिपोर्ट में कई तरह की गड़बड़ियों की पुष्टि की गई है। इसी आधार पर होटल हयात चार्टर का नक्शा निलंबित कर दिया गया है।
तमाम तरह की अनियमितिताओं के चलते होटल हयात चार्टर का नक्शा निलंबित कर दिया गया है। जोन की रिपोर्ट के आधार पर यह फैसला किया गया है। जब यहां रहने वाले लोगों का पुनर्वास हो जाएगा, तब नक्शा रद्द कर दिया जाएगा। -अष्टभुजा प्रसाद तिवारी, उपाध्यक्ष, एलडीए