भारतीय टेनिस खिलाड़ी सोमदेव देववर्मन ने दिल्ली ओपन टूर्नामेंट में अपनी बादशाहत कायम रखते हुए लगातार दूसरे साल खिताब पर कब्जा जमाया।
फाइनल में सोमदेव ने हमवतन युकी भांबरी को 3-6, 6-4, 6-0 से मात दी। हालांकि सोमदेव को पहले सेट में हार का सामना करना पड़ा। वह दूसरे सेट में भी 0-2 से पिछड़ रहे थे, लेकिन यहां से उन्होंने अपने खेल का स्तर उठाते हुए जबरदस्त वापसी की।
सोमदेव ने न केवल दूसरा सेट 6-4 से प्रभावशाली अंतर से जीता और फिर इसके बाद उन्होंने तीसरे सेट में युकी को कोई मौका नहीं दिया।
इस खिताबी जीत के साथ ही सोमदेव ने लंबे समय से चले आ रहे खिताबी सूखे को खत्म कर दिया है।
जीत के बाद सोमदेव ने कहा, "हो सकता है कि यह मेरे लिए टर्निंग प्वाइंट साबित हो। मैं अपना बेहतरीन टेनिस नहीं खेल रहा हूं। मेरे आदर्श और रोल मॉडल एंडी रॉडिक ने मुझसे कहा कि जब खिलाड़ी खेलते हैं तभी उनका बेस्ट आता है लेकिन जब आप अच्छा नहीं खेल रहे होते हो तो जीत के लिए खेलते हो। यही बात खिलाड़ी के लिए बहुत बड़ी होती है।"
दूसरी ओर, युकी भले ही खिताबी जंग हार गए हों लेकिन उनके लिए यह टूर्नामेंट शानदार रहा। उन्होंने शीर्ष 150 खिलाड़ियों में से 3 खिलाड़ी को हराया। इस प्रदर्शन के बाद उनका मानना है कि उनका आत्मविश्वास काफी बढ़ा हुआ है।