तीन मैचों में तीन जीत हासिल कर चुकी क्रोएशिया की टीम डेनमार्क के खिलाफ जीत की लय कायम रखना चाहेगी। जबकि डेनमार्क की टीम को भी ग्रुप मैच में हार का सामना नहीं करना पड़ा। उसने एक जीत और दो ड्रॉ के साथ ग्रुप सी में दूसरे स्थान पर रहते हुए अंतिम-16 में जगह बनाई है। 1998 के विश्व कप में जर्मनी को पराजित करने के बाद क्रोएशिया की टीम ने अभी तक विश्व कप का कोई नॉकआउट मैच नहीं जीता है।
प्री क्वार्टर फाइनल में दोनों टीमों के बीच कड़ा मुकाबला होने की संभावना है क्योंकि दोनों ही टीम का रक्षण बेहद मजबूत है। तीन मैचों में दोनों ने एक ही गोल खाया है और वो भी पेनल्टी के जरिए। जहां डेनमार्क को पेरू के खिलाफ एकमात्र जीत में भाग्य का भी योगदान रहा वहीं क्रोएशिया की टीम इस विश्व कप की सबसे प्रभावशाली टीमों में से एक है।
अर्जेंटीना के खिलाफ 3-0 की जीत और आइसलैंड के खिलाफ टीम में कई बदलाव करने के बावजूद 2-1 से जीतना क्रोएशिया की बेंच स्ट्रेंथ को भी जाहिर करता है। दोनों टीमों के पास विश्व कप इतिहास में दूसरी बार अंतिम-8 टीमों में पहुंचने का मौका है।
फ्रांस के खिलाफ टीम ने काफी रक्षात्मक खेल दिखाया था, लेकिन डेनमार्क के कोच नार्वे के हेरेड का कहना है कि क्रोएशिया के खिलाफ टीम अलग रणनीति के साथ उतरेगी और आक्रामक तेवरों के साथ खेलेगी।
18 : मैचों से नहीं हारी है डेनमार्क की टीम, नौ जीते हैं और इतने ही ड्रॉ खेले हैं
05: मैचों में दोनों टीमों का रिकॉर्ड बराबरी का रहा है, दोनों ने दो-दो जीते हैं जबकि एक बराबरी पर छूटा
1996: के यूरो कप में क्रोएशिया ने डेनमार्क को डेवर सुकर के दो गोलों की मदद से 3-0 से हराया था