बद्रीनाथ धाम का कपाट आज ब्रह्म मुहूर्त में सुबह चार बजे, विधि विधान पूर्वक श्रद्घालुओं के लिए खोल दिया गया। श्रद्घालुओं में बद्रीनाथ के दर्शन की दीवानगी इस बात से लगायी जा सकती है कि कपाट खुलने के दिन पहले से ही पवित्र धाम पर पहुंचने लगे।
13 मई को गंगा, यमुना का कपाट और 14 मई को केदारनाथ का कपाट खुलने के बाद भक्त बद्रीनाथ का कपाट खुलने का इंतजार कर रहे थे क्योंकि इनके दर्शन के बिना चार धाम की यात्रा पूरी नहीं होती है।
कीजिए भगवान बदरीनाथ के दर्शन
बद्रीनाथ के दर्शनार्थियों को दर्शन पाने में कठिनाई नहीं हो इसके लिए टोकन की व्यवस्था की गयी है। बीकेटीसी के मुख्य कार्याधिकारी बीडी सिंह ने कहा कि श्रद्धालुओं को टोकन तड़के 4 बजे से शाम 8 बजे तक निशुल्क मिलेंगे। टोकन के लिए टैक्सी स्टैंड पर तीन काउंटर खोले गए हैं।
इस बार टोकन व्यवस्था के तहत एक श्रद्धालु को बदरी विशाल के दर्शन के लिए महज पांच सेकेंड का समय मिलेगा।
केदारनाथ धाम के लिए हवाई सेवा
ब्रदीनाथ के कपाट खुलने के साथ ही नागरिक उड्डयन विभाग ने केदारनाथ धाम के लिए हवाई सेवाओं की मंजूरी देते हुए उड़ान की शेड्यूल लिस्ट जारी कर दी है। शेड्यूल मिलने पर ऑपरेटर्स ने बुधवार से विधिवत सेवा शुरू कर दी है।
बुधवार को पवन हंस, हिमालयन हेली, पिनेकल एअर, ट्रांस भारत, आर्यन एविएशन, प्रभातम, प्रेम एयर, यूटी एयर और डेक्कन एयरवेज के चॉपर मस्ता आदि ने उड़ान भरे।