Pradosh Vrat 2025 List: हिंदू धर्म में रोजाना महादेव की पूजा की जाती है। मान्यता है कि इससे घर परिवार में सुख-समृद्धि का वास होता है। हालांकि भोलेनाथ की विशेष कृपा प्राप्ति के लिए प्रदोष व्रत को बेहद शुभ माना जाता है। इस दिन शिव परिवार की आराधना करने से सभी इच्छाएं पूरी होती हैं। साथ ही साधक को कष्टों से मुक्ति मिलती हैं।
यह व्रत हर माह के कृष्ण और शुक्ल दोनों पक्षों की 'त्रयोदशी' तिथि पर रखा जाता है। इसलिए इसे 'त्रयोदशी व्रत' भी कहते हैं। धार्मिक ग्रंथों के अनुसार यह तिथि कन्याओं के लिए बेहद महत्वपूर्ण होती हैं। इस तिथि पर भगवान शिव की उपासना करने से मनचाहा वर पाने की कामना पूर्ण होती हैं।
कहते हैं कि भगवान शिव जल्द प्रसन्न होने वाले देवता है। अगर सच्चे भाव से प्रदोष व्रत के दिन उन्हें जल चढ़ाया जाए, तो व्यक्ति को मनोवांछित फलों की प्राप्ति होती हैं। ऐसे में आइए जानते हैं कि नववर्ष 2025 में यह व्रत कब-कब रखा जाएगा।