घटना के बाद मेयर सुरेंद्र चौहान और डिप्टी मेयर उमा कौशल को घटना की सूचना मिली और वह भी मौके पर आए। घटना के बाद महापौर सुरेंद्र चौहान घोड़ा संचालकों पर भड़क गए। उन्होंने कहा कि अगर घोड़ी बीमार है तो इसे यहां पर न लाया जाए। वहीं आईजीएमसी के डॉक्टरों के मुताबिक युवती की हालत स्थिर है, किसी तरह की गंभीर चोटें नहीं आई हैं। महापौर सुरेंद्र चौहान ने कहा कि रिज पर घोड़ों का संचालन कर रहे संचालकों के लाइसेंस जांचने के निर्देश दिए हैं। किसी भी सूरत में इस तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं होगी।