मंत्री महेंद्र सिंह ठाकुर ने कहा है कि प्रोजेक्ट के तहत ढांचा, मेड़बंदी, बेलनाकार ढांचा, खोद कर कुएं बनाना, गाद अवधारण संरचना, चैक डैम, उप सतह बांध, पुनर्भरण शॉफ्ट और रिसाव टैंक बनाए जाएंगे। जल के उत्तम इस्तेमाल, समेकित कृषि और कृषि विविधीकरण के लिए सिंचाई सुविधाओं के निर्माण पर 377.25 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे।
प्रोजेक्ट का मुख्य उद्देश्य प्रमुख फसलों जैसे गेहूं, मक्की और धान का उत्पादन बढ़ाकर इसे विश्व स्तर की फसल उत्पादकता के बराबर ले जाना है। मुख्य उद्देश्य 2022-23 तक किसानों की आय को दोगुना करने के अतिरिक्त जल संरक्षण तथा जलवायु परिवर्तन के लिए कृषि अनुकूलन क्षमता को बढ़ाना है।