वीरभद्र सिंह ने कहा कि मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर पूर्व में उनकी सरकार पर कोई दोषारोपण करने से पूर्व अपने वर्तमान को देखें। कानून-व्यवस्था, लोगों की हिफाजत, न्यायपालिका के आदेशों का पालन करना आदि ये सब सरकार के दायित्व में आते हैं। उन्होंने कहा कि कसौली की घटना अति दुखदायी हैं जहां न्यापालिका के आदेशों का कार्यपालन करने गई अधिकारी की पुलिस की मौजूदगी में गोली मारकर निर्मम हत्या कर दी जाती है।
इस प्रकार कांगड़ा के ज्वाली में गोलियां चलती हैं और दो युवक मारे जाते हैं। उन्होंने कहा कि 100 दिनों से ऊपर बने इस सरकार को हो चुके हैं। केंद्र से प्रदेश को कोई विशेष योजना नहीं मिली है। प्रदेश में इनके नेताओं की ओर से लोगों को सपने दिखाए जा रहे हैं।
प्रदेश में पूर्व में उनकी सरकार द्वारा किए गए विकास कार्यों का श्रेय लेने की होड़ भाजपा में लगी है। वीरभद्र सिंह ने कहा है कि प्रदेश में बढ़ती महंगाई चिंता का विषय है। पेट्रोल और डीजल के दाम आसमान छू रहे हैं। आम आदमी की सरकार का दावा करने वाली केंद्र और प्रदेश की भाजपा सरकार कुछ खास की ही बनकर रह गई है।
हिमाचल प्रदेश के औद्योगिक क्षेत्र बद्दी में कांग्रेस के पूर्व विधायक रामकुमार चौधरी के चचेरे भाई की हत्या पर राजनीति गरमा गई है। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने कहा है कि जयराम सरकार के संरक्षण में अपराधियों के हौसले बुलंद हैं।
सरकार की शह पर ही बद्दी में आरएसएस कार्यकर्ता ने पूर्व कांग्रेस विधायक के भाई का मर्डर किया। भाजपा के सत्ता में आने के बाद प्रदेश में कानून का किसी को कोई खौफ नहीं रह गया है।
जयराम सरकार को आरएसएस ही चला रही है, इसलिए आरएसएस कार्यकर्ता बेखौफ होकर आपराधिक गतिविधियों को अंजाम दे रहे हैं। बद्दी की घटना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है।
आरएसएस कार्यकर्ता का मर्डर को अंजाम देकर फरार हो जाना इस ओर संकेत करता है कि घटना को सुनियोजित तरीके से अंजाम दिया गया। सुक्खू ने कहा कि पुलिस की लचर कार्यप्रणाली एक बार फिर सामने आई है।
कसौली के बाद बद्दी में मर्डर ने सोलन जिले में कानून व्यवस्था नाम की कोई चीज न होने के आरोपों को पुख्ता कर दिया है। अगर हत्या के आरोपी आरएसएस कार्यकर्ता को जल्दी गिरफ्तार नहीं किया गया तो कांग्रेस सड़कों पर उतरेगी।