शिमला शहर में अब हर वाहन सैनिटाइज होकर ही प्रवेश कर पाएगा। इसके लिए जिला प्रशासन ने शोघी बैरियर पर इंतजाम कर दिए हैं। यहां दमकल विभाग के जवानों की ड्यूटी लगाई गई है। हर वाहन को सैनिटाइज करने के बाद ही आगे जाने की अनुमति दी जा रही है।
सुबह चार बजे से दोपहर एक बजे तक यह प्रक्रिया अमल में लाई जाएगी। पंजाब और अन्य बाहरी राज्यों में बढ़ते कोरोना के मामलों के चलते जिला प्रशासन किसी भी तरह का जोखिम उठाने से बच रहा है। जिले के लिए पंजाब और अन्य राज्यों से दूध, ब्रेड के अलावा अन्य खाद्य पदार्थों की सप्लाई आती है।
इसलिए शोघी में ही इन वाहनों को सैनिटाइज करने का फैसला लिया है ताकि किसी तरह का संक्रमण न फैले। रोजाना सुबह चार से एक बजे तक इस प्रक्रिया को अमलीजामा पहनाने के लिए बालूगंज फायर स्टेशन के जवानों की ड्यूटी लगाई गई है। इसके अलावा पीटरहाफ से आईजीएमसी सड़क को भी सैनिटाइज किया जा रहा है।
शोघी में सुबह के वक्त पंजाब से दूध, ब्रेड और सब्जियों के साथ ही अन्य आवश्यक वस्तुओं की सप्लाई लेकर शहर में वाहन प्रवेश करते हैं। इसलिए यहां वाहनों को सैनिटाइज कर शहर में प्रवेश करने दिया जा रहा है। दमकल विभाग के जवान यहां वाहनों को सिर्फ सैनिटाइज ही नहीं कर रहे बल्कि वाहन चालकों को जागरूक भी कर रहे हैं।
चालकों को बताया जा रहा है कि कोरोना से किस तरह बचाव कर सकते हैं। इसके साथ चालकों को मास्क लगाने की हिदायत भी दी जा रही है। वहीं दूसरी तरफ पुलिस के जवान हर आने जाने वाले वाहन की चेकिंग कर रहे हैं ताकि कोई व्यक्ति कर्फ्यू तोड़कर शहर में प्रवेश न कर सके।
मंडलीय अग्निशमन अधिकारी डीसी शर्मा में बताया कि विल्ली पार्क में कोरोना रोगियों का उपचार कर रहे चिकित्सक और स्टाफ के ठहरने की व्यवस्था की है। इसलिए इनके आने जाने के लिए इस्तेमाल होने वाली सड़क को भी सैनिटाइज किया जा रहा है।
वहां से आईजीएमसी तक सुबह 7 से 8 और दोपहर बाद सेनिटाइजर का छिड़काव जिला प्रशासन के आदेशों पर अग्निशमन के जवान कर रहे हैं। बताया कि बैरियर पर एक बजे तक छिड़काव होगा, तब तक सभी सप्लाई वाहन शिमला में प्रवेश कर लेते हैं।