हिमाचल प्रदेश के लिए राहत की खबर है। जवाहर लाल नेहरू अरबन रिन्यूअल मिशन (जेएनएनयूआरएम) के तहत प्रदेश सरकार को 500 करोड़ रुपये का बजट मिल जाएगा। हालांकि, इसके लिए सरकार को अभी इंतजार करना होगा। केंद्र सरकार की ओर से जेएनएनयूआरएम के नियमों में संशोधन करने का काम चल रहा है। केंद्र ने इसकी सूचना प्रदेश सरकार को भेज दी है।
केंद्रीय शहरी विकास मंत्रालय ने जून माह में ही हिमाचल के 500 करोड़ रुपये के प्रस्ताव को वापस लौटा दिया था। इससे हिमाचल सरकार को तगड़ा झटका लगा था। इससे सड़क, सीवरेज, पेयजल लाइनों का काम जो कराना था, वह ठप हो गया था। हालांकि, राहत की बात यह थी कि ऐसे प्रस्ताव देश के सभी राज्यों के लौटा दिए गए थे। इससे प्रदेश सरकार के अफसरों और मंत्रियों के माथे पर बल पड़ रहा था।
विकास करने के लिए प्रदेश सरकार को नए सिरे से रणनीति बनाने की तैयारी की जा रही थी। इसी बीच केंद्र से यह सूचना आई है कि पहले के जो प्रस्ताव भेजे गए थे, उसके तहत राज्य सरकार को बजट आवंटन किया जाएगा, लेकिन इससे पहले नियम में संशोधन का काम पूरा किया जाएगा।
केंद्र से सूचना मिली है कि जेएनएनयूआरएम के तहत जो प्रस्ताव लौटाए गए थे, उसके तहत बजट मिलेगा। इससे पहले नियम में कुछ संशोधन किया जा रहा है, जिसका काम पूरा होने के बाद बजट जारी किया जाएगा। यह बजट पुराने प्रस्ताव के अनुसार ही मिलेगा।
सुधीर शर्मा, शहरी विकास मंत्री हिमाचल सरकार