बोले, योजनाओं से शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार को मिली गति
संवाद न्यूज एजेंसी शिमला। लोकसभा सांसद सुरेश कश्यप ने हिमाचल प्रदेश नेशनल लॉ यूनिवर्सिटी में आयोजित जनजातीय पहचान और शासन विषयक राष्ट्रीय कार्यक्रम में कहा कि केंद्र सरकार की नीतियों से जनजातीय समाज अब विकास का सक्रिय भागीदार बन चुका है।
कश्यप ने भगवान बिरसा मुंडा को नमन करते हुए कहा कि उनके संघर्ष ने जनजातीय समाज को आत्मसम्मान और अधिकारों के लिए प्रेरित किया। उन्होंने बताया कि जनजातीय गौरव दिवस मनाने का निर्णय जनजातीय नायकों को राष्ट्रीय पहचान दिलाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू का सर्वोच्च पद पर पहुंचना जनजातीय समाज के सशक्तीकरण का प्रतीक है। केंद्र सरकार ने जनजातीय क्षेत्रों के लिए लगभग 24 हजार करोड़ रुपये का विशेष पैकेज दिया है जिससे सड़क, मोबाइल नेटवर्क, स्वास्थ्य और शिक्षा सुविधाओं में विस्तार हुआ है। शिक्षा के क्षेत्र में एकलव्य मॉडल आवासीय विद्यालयों के जरिये विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मिल रही है। वन-धन विकास केंद्रों से लाखों परिवारों को रोजगार के अवसर मिले हैं और लघु वनोपज पर न्यूनतम समर्थन मूल्य से आय में वृद्धि हुई है। स्वास्थ्य सेवाओं में आयुष्मान भारत योजना के तहत मुफ्त उपचार सुनिश्चित किया गया है। जल जीवन मिशन, प्रधानमंत्री आवास योजना और डिजिटल इंडिया जैसी योजनाओं ने जनजातीय क्षेत्रों में बुनियादी सुविधाओं को मजबूत किया है। पीएम-जनमन योजना के माध्यम से विशेष रूप से कमजोर जनजातीय समूहों तक विकास पहुंचाया जा रहा है। कार्यक्रम में कुलपति प्रो. प्रीत सक्सेना, प्रो. हरीश कुमार, रजिस्ट्रार आलोक कुमार और डॉ. एसएस जसवाल सहित अनेक गणमान्य लोग उपस्थित रहे।