हिमाचल साइबर पुलिस को पीड़ितों को पैसे दिलाने में कामयाबी मिली है। रविंद्र भारद्वाज निवासी रक्कड़, कांगड़ा गैस एजेंसी डीलरशिप साइबर अपराधियों के झांसे में आ गए और प्रोसेसिंग फीस और अन्य शुल्क के नाम पर पीड़ित से 18 लाख की राशि ठग ली। पुलिस ने जुलाई 2021 में मामला दर्ज कर जांच जारी रखी। सोमवार को पीड़ित के खाते में 15. 72 लाख की राशि डाल दी गई है। एएसपी नरवीर सिंह और उनकी टीम को यह कामयाबी मिली है। उन्होंने कहा कि यह मामला 15 जुलाई 2021 का है। पीड़ित ने साइबर पुलिस को बताया कि गूगल सर्च के माध्यम से गैस एजेंसी डीलरशिप की जानकारी हासिल की। इसके बाद फोन नंबर के माध्यम से संपर्क किया। पहले साइबर अपराधियों ने पीड़ित को इंडियन गैस एजेंसी का फॉर्म भरने को कहा और झांसा देकर प्रोसेसिंग फीस और अन्य शुल्क वसूलते रहे।
करीब 18 लाख की ठगी की गई। जुलाई 2021 में साइबर थाना के प्रभारी अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक नरवीर सिंह राठौड़ ने शिकायत पर मामला दर्ज किया। अन्वेषण के दौरान मनी ट्रांजेक्शन की ट्रेल को वर्कआउट किया। मामले की जांच के लिए दो बार पुलिस दल बिहार और वेस्ट बंगाल गई। पुलिस ने साइबर अपराधियों के भिन्न-भिन्न खाते होल्ड और फ्रिज किए गए। जिनमें 3 बैंक खाते वरसाली गंज नवादा बिहार के पाए गए। इन खातों में करीब 16 लाख रुपये होल्ड करवाए गए। 7 जुलाई 2023 शिकायतकर्ता रविंद्र भारद्वाज के खातों में साइबर अपराधियों के खातों में होल्ड किए गए राशि 15 लाख 72 हजार अदालत के आदेश के अनुसार रिफंड करवाए गए। डीजीपी संजय कुंडू ने इस कामयाबी के लिए एएसपी नरवीर सिंह को बधाई दी है।