केंद्रीय ट्रेड यूनियनों के संयुक्त मंच और राष्ट्रीय फेडरेशनों के आह्वान पर प्रदेश में बुधवार को लगातार दूसरे दिन भी हड़ताल हुई। प्रदेश के दर्जनों स्थानों पर रैलियां निकाली गईं और जनसभाएं की गईं।
दो दिन की हड़ताल के दौरान हजारों मजदूरों, कर्मचारियों और ट्रांसपोर्टरों ने सड़कों पर उतर कर केंद्र सरकार की नीतियों के खिलाफ हल्ला बोला। बैंक कर्मचारी यूनियनें भी इस हड़ताल में शामिल हुईं।
कई बैंकों में स्टाफ की कमी होने के चलते कामकाज ठप रहा। दो दिनों के दौरान प्रदेश में करोड़ों रुपये का कारोबार प्रभावित हुआ। राजधानी शिमला के सब्जी मंडी में ट्रेड यूनियनों ने जनसभा कर केंद्र सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया।