पहले भी न्यायाधीश धर्म चंद चौधरी व न्यायाधीश विवेक सिंह ठाकुर की खंडपीठ ने इसे खारिज कर दिया था। कोर्ट ने सरकार का आवेदन खारिज करते हुए कहा था कि सरकार मौजूदा नियमों के तहत जेबीटी के पदों को भरने के लिए स्वतंत्र है।
इसके बाद हाईकोर्ट की ही एक अन्य खंडपीठ ने मामलों का निपटारा करते हुए वर्ष 2012 के नियमों के अनुसार ही टेट मेरिट के आधार पर चयन प्रक्रिया को अंतिम रूप देने के आदेश दिए थे।
इस फैसले को आधार बनाते हुए सरकार ने 23 नवंबर 2018 को जेबीटी के 671 पदों को भरने के लिए मंजूरी दे दी। शिक्षा विभाग ने उस मंजूरी के आधार पर 10 जिलों में 671 जेबीटी के पदों को टेट मेरिट वाले नियमों के तहत भरने के लिए पांच
दिसंबर को एक पत्र जारी कर इन पदों के लिए पहले से जुलाई 2017 में की गई काउंसलिंग का परिणाम घोषित कर 15 दिसंबर तक नियुक्ति पत्र देने आदेश जारी किए थे। कोर्ट ने इसी काउंसलिंग के परिणाम की घोषणा पर रोक लगाई है।