उन्होंने बताया कि संभावित तीसरे मोर्चे में कई पूर्व मंत्री, पूर्व विधायक और विभिन्न दलों से जुड़े वरिष्ठ नेता शामिल हो सकते हैं। इसके लिए प्रदेशभर में नेताओं और कार्यकर्ताओं से लगातार संपर्क किया जा रहा है। मार्कंडेय ने बताया कि वह प्रदेश के विभिन्न जिलों का दौरा कर लोगों की नब्ज टटोल रहे हैं। अब तक कुल्लू, मंडी, हमीरपुर और बिलासपुर जिलों में नेताओं से मुलाकात कर चुके हैं, जबकि आगामी दिनों में कांगड़ा और चंबा जिलों का दौरा भी प्रस्तावित है। इसके अलावा सोलन, सिरमौर और हमीरपुर में भी प्रभावशाली लोगों से संपर्क कर संगठन को मजबूत किया जाएगा।
मार्कंडेय ने कहा कि तीसरे मोर्चे की योजना के तहत ब्लॉक और जिला स्तर पर संगठन खड़ा किया जाएगा, ताकि चुनाव से पहले मजबूत राजनीतिक विकल्प तैयार हो सके। उन्होंने कहा कि प्रदेश की मौजूदा राजनीतिक परिस्थितियों में बदलाव को लेकर लोगों में चर्चा है और कई स्थानों पर नाराजगी भी देखने को मिल रही है। लोगों से मिले सुझावों के आधार पर जल्द ही नई पार्टी का घोषणापत्र भी तैयार किया जाएगा। सोलन, सिरमौर और हमीरपुर में कम लोग मिले हैं लेकिन जल्द ही यहां पर प्रभावशाली लोगों से संपर्क कर मजबूत मोर्चा तैयार कर पार्टी का गठन होगा। जल्द ही लोगों की नब्ज टटोल कर पार्टी को घोषणापत्र भी तैयार होगा। गौरतलब है कि हाल ही में कुल्लू में करीब 40 नेताओं की एक बैठक हुई, जिसमें भाजपा और कांग्रेस से असंतुष्ट कई नेताओं ने भाग लिया। हालांकि बैठक को गोपनीय रखा गया था, लेकिन प्रदेशभर में इसकी चर्चा रही।