ट्रैकिंग के लिए है प्रसिद्ध
कमरूनाग से पर्यटक शिकारी देवी के लिए ट्रैकिंग करते हैं। चैलचौक के जालपा मंदिर से ट्रैकिंग शुरू होती है और कमरूनाग तक यह ट्रैकिंग होती। कमरूनाग से शिकारी देवी और फिर जंजैहली पहुंचकर पर्यटक रोमांचित होते हैं।
भुलाह और बू़ढ़ा केदार पर्यटकों के लिए है आकर्षण के स्थल
भुलाह और बूढ़ा केदार पर्यटकों के लिए आकर्षण का केंद्र हैं। यहां के कल-कल बहते नाले पर्यटकों को बरबस अपनी और आकर्षित करते हैं। देवीदहड़ और सरोआ जालपा मंदिर अब पर्यटन के आकर्षण का केंद्र बनने लगे हैं।