मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर, पूर्व मुख्यमंत्री प्रो. प्रेम कुमार धूमल, राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष जगत प्रकाश नड्डा, पूर्व मुख्यमंत्री शांता कुमार, केंद्रीय राज्य मंत्री अनुराग ठाकुर, भाजपा प्रदेशाध्यक्ष सतपाल सिंह सत्ती, प्रदेश महामंत्री संगठन पवन राणा, सांसद किशन कपूर, सुरेश कश्यप, रामस्वरूप शर्मा, सभी मंत्रियों, विधायकों, मुख्य सचेतक नरेंद्र बरागटा, प्रवीण शर्मा, गणेश दत्त, राजीव भारद्वाज, प्रदेश महामंत्री कृपाल परमार, चंद्रमोहन ठाकुर समेत कई नेताओें ने भाजपा की वरिष्ठ नेता एवं पूर्व विदेश मंत्री व संसदीय बोर्ड की सदस्य सुषमा स्वराज के आकस्मिक निधन पर गहरा दुख व्यक्त किया है।
सत्ती ने कहा कि सुषमा स्वराज ने एक प्रखर वक्ता, एक आदर्श कार्यकर्ता, लोकप्रिय जनप्रतिनिधि और एक कर्मठ मंत्री के रूप में भारतीय राजनीति में अपनी अमिट छाप छोड़ी है। विश्व में भारतीय संस्कृति का परचम फहराने वाली पूर्व प्रथम महिला विदेश मंत्री सुषमा स्वराज के निधन से पूरी पार्टी सदमे में है। उनका इस तरह से चले जाना देश व पार्टी के लिए अपूरणीय क्षति है। भाजपा नेताओं ने दिवंगत आत्मा की शांति के लिए ईश्वर से प्रार्थना करते हुए शोकाकुल परिवार के प्रति अपनी गहरी संवेदना व्यक्त की है।
पूर्व मुख्यमंत्री प्रेम कुमार धूमल ने भारतीय संविधान के अनुच्छेद 370 को खत्म करने और जम्मू-कश्मीर पुनर्गठन बिल को राज्यसभा के साथ-साथ लोकसभा मे बहुमत से पारित करवाने पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह को बधाई दी है।
उन्होंने कहा कि लगभग 70 साल से लंबित पड़े इस मुद्दे को सुलझाकर प्रधानमंत्री और गृह मंत्री ने एक स्वर्णिम इतिहास रचा है। जनसंघ के गठन के समय से ही जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 को समाप्त करना पार्टी की मूल विचारधारा का हिस्सा रहा है। इस धारा की समाप्ति के लिए पार्टी के संस्थापक श्यामा प्रसाद मुखर्जी ने अपने प्राणों का बलिदान दिया।
पूर्व मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने भाजपा की वरिष्ठ नेता एवं पूर्व विदेश मंत्री सुषमा स्वराज के आकस्मिक निधन पर दुख व्यक्त किया है। वीरभद्र ने कहा कि वह एक नेकदिल राजनेता थीं।
उनके निधन से देश ने एक कुशल प्रशासक और राजनेता खो दिया है। नेता प्रतिपक्ष मुकेश अग्निहोत्री, पूर्व सांसद प्रतिभा सिंह और विधायक विक्रमादित्य सिंह ने भी सुषमा स्वराज के निधन पर दुख व्यक्त किया है।