प्रदेश के कॉलेजों में तैनात सरप्लस प्राध्यापकों को ट्रांसफर किया जाएगा। शिक्षा विभाग युक्तिकरण की कवायद शुरू कर दी है। अब कॉलेजों में विद्यार्थियों की संख्या के हिसाब से स्टाफ रहेगा। रूसा लागू होने के बाद कई विषयों में छात्रों की संख्या घट गई है। ऐसे में कॉलेजों में तैनात सरप्लस प्राध्यापकों को खाली पद वाले कॉलेजों में शिफ्ट किया जाएगा।
कॉलेजों से विद्यार्थियों की कुल संख्या, शिक्षकों की संख्या, विषयवार छात्रों की संख्या और शिक्षकों के कामकाज का ब्योरा मांगा गया है। प्रदेश के कॉलेजों में वर्ष 2013 में राष्ट्रीय उच्चतर शिक्षा अभियान (रूसा) के अंतर्गत सेमेस्टर प्रणाली शुरू की गई है। यह उच्चतर शिक्षा के लिए एक केंद्र प्रायोजित योजना है।