हिमाचल प्रदेश की सुखविंद्र सिंह सुक्खू सरकार में तबादलों का दौर शुरू हो गया है। पार्टी नेता और समर्थक मंत्रियों को बधाई देने की आड़ में तबादलों के लिए भी आवेदन कर रहे हैं। ये नेता पसंद के स्थानों पर एडजस्टमेंट कराने की जुगत में हैं। सबसे ज्यादा आवेदन शिक्षा, स्वास्थ्य, वन और पंचायतीराज विभाग से आ रहे हैं। प्रतिदिन इन विभागों के 25 से 30 डीओ नोट जारी हो रहे हैं। इन्हें मुख्यमंत्री कार्यालय के लिए भेजा जा रहा है। इसके अलावा ओएसडी मुख्यमंत्री और प्रधान निजी सचिव के पास भी तबादलों के लिए आवेदन किए जा रहे हैं। मंत्रियों को तबादला करवाने का कारण पूर्व सरकार के कार्यकाल में कर्मचारियों व अधिकारियों को प्रताड़ित करना बताया जा रहा है।
अब तक सचिवालय में तबादलों के लिए करीब 2,000 आवेदन आ चुके हैं। मंत्रिमंडल विस्तार से पहले सरकार की ओर से ओएसडी मुख्यमंत्री और प्रधान निजी सचिव को तबादलों का जिम्मा सौंपा गया है। दोनों अधिकारियों को तबादलों को लेकर विभागों का बंटवारा किया गया है। अब मंत्री बनने के साथ उन्हें विभागों का जिम्मा भी सौंपा गया है। ऐसे में इन मंत्रियों के पास तबादलों को लेकर लोगों की भीड़ उमड़ रही है। हालांकि, मंत्रियों के डीओ नोट के बाद फाइल मुख्यमंत्री प्रधान सचिव को जाएगी। इसके बाद मुख्यमंत्री की मंजूरी के बाद तबादला आदेश जारी होता है।