बिजली बोर्ड की बैठक में ऊर्जा मंत्री सुखराम चौधरी ।
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हिमाचल बिजली बोर्ड के वर्किंग प्लान में अब जनप्रतिनिधियों के सुझाव भी शामिल किए जाएंगे। ऊर्जा मंत्री सुखराम चौधरी ने प्रदेश सरकार में मंत्री बनने के बाद पहली बार बोर्ड मुख्यालय कुमार हाउस जाकर कामकाज की समीक्षा की। अधिकारियों के साथ बैठक करते हुए उन्होंने उपभोक्ताओं को निर्धारित समय अवधि में बिजली बिल जारी करने के निर्देश दिए। उन्होंने जूनियर टीमेट के अधिकार क्षेत्रों को भी बढ़ाने को कहा।
चौधरी ने कहा कि बोर्ड को अब लक्ष्य निर्धारित कर अपने कार्य में तेजी लानी चाहिए वहीं उपभोक्ताओं की मुख्य समस्याओं पर ध्यान भी दिया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि परियोजनाओं में बिजली उत्पादन के लिए प्रयोग किए जाने वाले पानी को बिजली उत्पादन में उपयोग करके अन्य कार्यों में भी प्रयोग किया जा सकता है। उन्होंने बोर्ड को इस बारे में योजना बनाने के निर्देश दिए।
उद्योगों को और प्रभावी विद्युत प्रदान करने के लिए और भी सुविधाएं देने की बात कही। अतिरिक्त मुख्य सचित ऊर्जा रामसुभग सिंह ने बोर्ड के कार्यों की जानकारी दी। इससे पहले ऊर्जा मंत्री का बोर्ड मुख्यालय पहुंचने पर बोर्ड के प्रबंधक निदेशक आरके शर्मा सहित प्रबंधन वर्ग के सदस्यों ने उनका स्वागत किया। रूपाली ठाकुर निदेशक कार्मिक, पंकज डढवाल निदेशक परिचालन, सुशील सागर निदेशक सिविल, एसएन उप्रेती ओएसडी ऊर्जा मंत्री, रिमा कश्यप कार्यकारी निदेशक कार्मिक, संजीव मडिया मुख्य अभियंता ऑपरेशन इस दौरान मौजूद रहे।
खराब ट्रांसफार्मर ठीक करवाकर विकल्प के लिए रखने के निर्देश
ऊर्जा मंत्री ने बोर्ड अधिकारियों को निर्देश दिए कि खराब पडे़ ट्रांसफार्मरों को ठीक करवाकर के एमएनटी लैब में दो से तीन प्रतिशत अतिरिक्त हर समय उपलब्ध करवा के रखा जाना चाहिए। उपभोक्ताओं को उचित विद्युत वोल्टेज की प्रभावी विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करने को भी कहा।