आईआईटी मंडी की शोधकर्ता टीम
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शोधकर्ताओं ने एक नया मल्टी कंपोनेंट कैटलिस्ट का विकास किया है, जिसमें मॉलीब्डेनम सल्फाइड नैनोशीट कोटेड नाइट्रोजन डोप्ड जिंक ऑक्साइड नैनोरॉड हैं। नैनोमीटर स्केल (हमारे एक बाल की चौड़ाई से एक सौ हजार गुनी कम) मटीरियल के सरफेस एरिया से वॉल्यूम का अनुपात अधिक है, भौतिक गुण बेहतर हैं और ट्यून करने योग्य इलेक्ट्रानिक गुण हैं।
धूप से हाइड्रोजन ईंधन परिवर्तन में सक्षम: डॉ. वेंकट कृष्णन
डॉ. वेंकट कृष्णन के अनुसार सबसे सरल रसायनिक कंपाउंड पानी है, जो हाइड्रोजन के दो और ऑक्सीजन के एक अणु से बना है। इसलिए यह कहा जा सकता है कि पानी हाइड्रोजन का अच्छा स्रोत है। हालांकि, पानी को हाइड्रोजन और ऑक्सीजन में अलग-अलग करना कठिन है और इसमें बहुत ऊर्जा लगती है। हालांकि, रोशनी की मदद से पानी को इसके घटक हाइड्रोजन और ऑक्सीजन के अणुओं में बांटा जा सकता है। हमारे शोध कार्य से ऐसे फोटोकैटलिस्ट के रेशनल डिजाइन के लिए फेसाइल स्ट्रैटजी मिली है जो धूप से हाइड्रोजन ईंधन परिवर्तन में सक्षम और पुनर्चक्रण योग्य है।