मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू।
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परवाणू से सोलन तक फोरलेन निर्माण के दौरान बरती गईं अनियमितताओं से गांव में तबाही हो रही है। इससे दर्जनों परिवारों को काफी नुकसान पहुंचा है। हाईवे पर पेड़ ही पेड़ गिर रहे हैं। यह मंजर देखकर हर कोई कांप रहा है। मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने सोलन की धर्मपुर पंचायत में सिहारड़ी गांव का दौरा किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने फोरलेन निर्माण को लेकर चिंता व्यक्त की।
यहां पर मूसलाधार बारिश से हुए नुकसान का जायजा लिया और पीड़ित परिवारों से बातचीत की। मुख्यमंत्री ने पीड़ितों को आश्वासन दिया कि जल्द फौरी राहत लोगों को दी जाएगी। इसी के साथ गांव की स्थिति को भी जल्द सुधारा जाएगा। वहीं, मौके पर उपायुक्त मनमोहन शर्मा को खनन करने वालों पर केस दर्ज करने के निर्देश भी दिए। मुख्यमंत्री शनिवार देर रात धर्मपुर के सिहारड़ी गांव में पहुंचे। हालांकि, अंधेरे के कारण वह नुकसान को नहीं देख सके।
लेकिन गांव में रहने वाले लोगों की उन्होंने आपबीती को सुना। इस दौरान प्रभावितों ने बताया कि सिहारड़ी गांव में निजी स्कूल के प्लाट पर विकास कार्य चला हुआ है। इससे पहाड़ी को छलनी किया जा रहा है। पत्थरों को बेचने का भी आरोप पीड़ित परिवारों ने लगाया। इसके बाद ही मुख्यमंत्री ने पत्थर बेचने और खनन करने वालों का केस दर्ज करवाने के निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि पूरा प्रदेश आपदा में डूबा हुआ है। सबसे ज्यादा नुकसान सड़कों, पानी की योजनाओं और बिजली की तारों और खंभों को हुआ है। उन्होंने कहा कि लोगों को बिजली, पानी की सुविधाओं को जल्द मुहैया करवाने के लिए प्रशासनिक टीम को निर्देश दिए गए हैं।
मुख्यमंत्री से बोले लोग, नहीं मिली फौरी राहत
सिहारड़ी गांव में लोगों ने मुख्यमंत्री से कहा कि फौरी राहत प्रशासन की ओर से नहीं दी गई है। केवल इक्का-दुक्का परिवारों को ही फौरी राहत अभी तक मिल पाई है। इस पर मुख्यमंत्री ने उपायुक्त को जल्द फौरी राहत देने के लिए कहा।