प्रदेश के ऊंचाई वाले कई क्षेत्रों में दूसरे दिन भी बर्फबारी हुई। कुल्लू और लाहौल घाटी में हल्का हिमपात दर्ज किया गया। रोहतांग दर्रे में करीब 15 सेंटीमीटर ताजा हिमपात हुआ। चंबा और किन्नौर की पहाड़ियों पर भी ताजा बर्फ गिरी।
प्रदेश के अन्य इलाकों में दो दिन से रुक-रुककर बारिश हो रही है। मौसम विभाग के मुताबिक सोमवार को शिमला, चंबा और कांगड़ा में मूसलाधार बारिश हुई। सुंदरनगर, भुंतर, कल्पा, ऊना, केलांग, पालमपुर, डलहौजी, सोलन, मनाली, हमीरपुर, मंडी, धर्मशाला में भी बारिश हुई।
मई में बर्फबारी और बारिश के कारण तापमान में गिरावट आई है। इससे सेब की फसलों पर प्रभाव पड़ेगा। ऊंचाई वाले इलाकों में अभी सेब की सेटिंग चल रही है। उधर, बारिश से मैदानी इलाकों में गेहूं की कटाई भी प्रभावित हुई है।
17 मई तक खराब रहेगा मौसम
मौसम विभाग की मानें तो 17 मई तक मौसम खराब रहेगा। इस दौरान ऊंचाई, मध्यम ऊंचाई और मैदानी इलाकों में गरज के साथ बारिश का पूर्वानुमान है। सोमवार को शिमला का न्यूनतम तापमान 10.0, सुंदरनगर 14.6, भुंतर 11.8, कल्पा 5.4, धर्मशाला 11.4, ऊना 16.7, नाहन 17.1, कांगड़ा 5.4, पालमपुर 14.2, डलहौजी 9.6, सोलन 13.5, चंबा 13.8, मनाली 8.0, कांगड़ा 15.2, बिलासपुर 16.9, हमीरपुर 15.8 और मंडी का न्यूनतम तापमान 16.2 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया।
मौसम विभाग के शिमला केंद्र के निदेशक डा. मनमोहन सिंह ने बताया कि 17 मई तक प्रदेश में मौसम खराब रहेगा। 15 मई को ऊंचाई वाले इलाकों में गरज के साथ बारिश की संभावना है। मध्यम और मैदानी इलाकों में मौसम साफ रहेगा।