जनपद सिरमौर में बारिश के चलते कई इलाकों में फिर जनजीवन अस्तव्यस्त हो गया। जगह-जगह भारी भूस्खलन के चलते पांवटा साहिब-शिलाई नेशनल हाईवे 707 सतौन व कमरऊ के बीच हेवणा और चिलोण के बीच पांच घंटे अवरुद्घ रहा। ये एनएच सोमवार तड़के 4:00 बजे बंद हो गया था, जिसे सुबह 9:00 बजे बहाल किया गया।
इस बीच कई यात्री सड़क के दोनों ओर फंसे रहे। हेवणा के समीप सड़क बंद होने से शिमला से चंडीगढ़ जा रही कार में भी लोग घंटों फंसे रहे। दरअसल, रविवार की रात से ही जिले के विभिन्न क्षेत्रों में तेज बारिश का सिलसिला शुरू हुआ। जो सुबह 9:30 बजे तक जारी रहा। जिला मुख्यालय नाहन में दोपहर डेढ़ बजे से एक घंटे तक फिर बारिश हुई।
रात के समय जिले के विभिन्न इलाकों में हुई बारिश से जिले की पांच सड़कों पर भी यातायात ठप रहा। देर शाम तक भी शिलाई इलाके की तीन सड़कों पर यातायात बहाल नहीं हो सका। जानकारी के अनुसार रेणुकाजी-सतौन, चांदनी-कठवार, पिपलाट, बाग हाबड़ा, शकौली सड़कों पर जगह-जगह भारी भूस्खलन हुआ।
इनमें बाग हाबड़ा, पिपलाट और शकौली सड़कें शाम पांच बजे तक भी वाहनों की आवाजाही के लिए बहाल नहीं हो पाई थी। लिहाजा, लोगों को भारी दिक्कतें झेलनी पड़ रही हैं। बारिश के चलते पांवटा साहिब इलाके में सुबह के समय 48 ट्रांसफार्मर भी विभिन्न क्षेत्रों में बंद रहे।
दोपहर तक बोर्ड ने सभी ट्रांसफार्मरों को बहाल तक बिजली आपूर्ति बहाल कर दी। उधर, एसडीएम कफोटा राजेश वर्मा ने बताया कि सुबह नौ बजे एनएच को जेसीबी मशीनें लगाकर बहाल कर दिया था।