फाइन आर्ट्स कॉलेज शिमला के शुभम चोपड़ा ने पंजाबी लोक गीत ‘जुगनी’ की ऐसी धुन छेड़ी कि सभागार में बैठे युवा झूमने लगे। मौका था राजकीय महाविद्यालय धर्मशाला के ऑडिटोरियम में चल रहे हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय के युवा महोत्सव भाग-दो का।
शुक्रवार को लोक गायन प्रतिस्पर्धा में शुभम के अपने अंदाज में पेश किए गए पंजाबी लोक गीत को सबने खूब सराहा। शुक्रवार को कार्यक्रम में प्रो. सविता सिंह ने बतौर मुख्य अतिथि शिरकत की।
लोक गीत की पहले प्रतिभागी के तौर पर शाहपुर की महाविद्यालय की तान्या ने सोणी-सोणी शिमले री सड़कां, ढलियारा की ज्योति ने पारले झरोखे सौकण, जोगिंद्रनगर की अनुराधा ने कालूआ मजूरा, पालमपुर की शिवानी ने प्यारी भोटलिए, संस्कृत कॉलेज सुंदरनगर के नीरज ने भियागड़ा, नगरोटा बगवां की दीक्षा कपूर ने गुढ़क चमाके, अर्की की भारती ने कियां सैहणे नणदा रे बोल.. प्रस्तुत किया।
इसके अलावा रामपुर के संदीप, ऊना के जैकव, धामी के गगन, कुल्लू के सुरेंद्र सहित अन्य युवाओं ने भी अपनी प्रस्तुति दी। प्रतिस्पर्धाओं में डॉ. ऊषा बगाती, डॉ. जगमोहन शर्मा, डॉ. अशोक कुमार शर्मा और डॉ. जिया लाल ठाकुर ने बतौर निर्णाय अपनी भूमिका अदा की, जबकि डॉ. मोनिका मक्कड़ और डॉ. हेमंत शर्मा ने मंच संचालन किया।
राजकीय महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो. सुनील के मेहता, कार्यक्रम आयोजक सचिव डॉ. सतीश ठाकुर और सह सचिव डॉ. हेमंत शर्मा ने बताया कि शनिवार को युवा महोत्सव के समापन अवसर पर पाश्चात्य एकल गायन और लोक वाद्यवृंद प्रतिस्पर्धाएं होंगी।