हिमाचल प्रदेश लोक सेवा आयोग ने हाल ही में करवाई सहायक प्रोफेसर की भर्ती में संगीत विषय वोकल की छंटनी परीक्षा की टॉपर को इंटरव्यू में बाहर कर दिया। आरटीआई से इस संबंध में ली सूचना में टॉपर ने यह खुलासा किया है।
अभ्यर्थी अभिलाषा शर्मा ने छंटनी परीक्षा में टॉप किया था, लेकिन वह इंटरव्यू में बाहर हो गई। यही नहीं, परीक्षा के सेकंड और थर्ड टॉपर डॉ. राजेश कुमार, संजय कुमार और मन्नू देवी भी साक्षात्कार की बाधा को पार नहीं कर पाए।
अभिलाषा ने कहा है कि सिर्फ इंटरव्यू के तय 100 नंबर के आधार पर सहायक प्रोफेसरों की भर्ती नहीं होनी चाहिए। इसमें पक्षपात की आशंका ज्यादा रहती है।अभिलाषा ने कहा कि आयोग 100 नंबर की लिखित परीक्षा करवा रहा है तो उसके नंबर भी फाइनल परिणाम में जोड़े जाने चाहिएं।
इसके अतिरिक्त रिसर्च पेपर, पब्लिकेशन, आर्टिकल्स और सेमिनार के अंक अन्य राज्यों तथा यूजीसी के नियमों के आधार पर अभ्यर्थियों को मिलने चाहिएं। लोक सेवा आयोग केवल 100 नंबर के साक्षात्कार के आधार पर ही सभी को चयनित कर रहा है जो बिलकुल गलत है।
शर्मा ने लोक सेवा आयोग और प्रदेश सरकार से मांग भी की है कि भविष्य में इस नियम को बदलकर अन्य राज्यों की भांति भर्ती प्रक्रिया की जानी चाहिए। कुछ समय पहले हरियाणा लोक सेवा आयोग ने भी 100 अंक के साक्षात्कार के नियम को बदला है।
राज्य लोक सेवा आयोग की सचिव एकता काप्टा ने बताया कि आयोग सहायक प्रोफेसरों की छंटनी परीक्षा के अंक नहीं जोड़ता है। साक्षात्कार सौ अंक का होता है और इसके आधार पर मेरिट से अभ्यर्थियों का चयन होता है।