हाईकोर्ट का फैसला अस्थायी शिक्षकों के हित में आने के बाद सरकार भी इन शिक्षकों राहत देने में जुट गई है। बीते बुधवार को मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह से मिले पीटीए शिक्षकों को मुख्यमंत्री ने आश्वासन दिया है कि जो शिक्षक सात साल पूरा कर चुके हैं उन्हें भी अनुबंध पर लाने पर विचार किया जा सकता है। विभाग फिलहाल आठ साल पूरा कर चुके पीटीए, पैरा और पैट शिक्षकों की डिटेल एकत्र कर रहा है।
मौजूदा समय में 6,945 पीटीए, 1,698 पैरा और 3,400 पैट कार्यरत हैं। यदि सरकार सात साल का कार्यकाल पूरा कर चुके शिक्षकों को भी एकमुश्त अनुबंध में लाने का निर्णय लेती है तो 4500 के करीब शिक्षकों को सीधा लाभ मिलेगा। 2006 से 31 दिसंबर 2007 तक पीटीए शिक्षकों की भर्तियां हुई थीं, जो शिक्षक 2006 से आरंभ में लगे उनके तो आठ साल पूरे हो चुके हैं लेकिन जो 2007 आखिर में नियुक्त हुए उनका एक साल और रहता है।
पीटीए शिक्षकों को बेशक सरकार राहत देेने पर विचार कर रही हो लेकिन अब इन शिक्षकों के अनुबंध में अनुपस्थिति का समय एक बड़ा अड़ंगा साबित हो सकता है। ये अनुपस्थिति का समय विरोध प्रदर्शन, अवकाश और पूर्व में सरकार द्वारा कुछ समय के लिए हटाए गए शिक्षकों का है। अतिरिक्त मुख्य सचिव शिक्षा पीसी धीमान ने कहा कि अभी मुख्यमंत्री ऑफिस से ऐसे निर्देश उनके पास नहीं आए हैं। मुख्यमंत्री ने जो निर्णय लिया होगा, उसे लेकर अभी अवगत नहीं करवाया गया है।
हाई पावर कमेटी कर चुकी है विचार
पीटीए शिक्षकों को एकमुश्त अनुबंध पर लाने और अनुपस्थिति के समय को सेवाकाल में जोड़ने को लेकर 10 फरवरी 2014 को बनी हाई पावर कमेटी विचार कर चुकी है। लेकिन मामला कोर्ट में विचाराधीन होने के कारण कमेटी के निर्णय को सुरक्षित रखा गया है। बताया जा रहा है कि कमेटी ने शिक्षकों के हित में फैसला लिया है।
दावा, मुख्यमंत्री ने दिया आश्वासन
पीटीए शिक्षक संघ के अध्यक्ष विवेक मेहता ने कहा कि बुधवार को उनका प्रतिनिधिमंडल दोबारा देर शाम मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह से मिला। उन्होंने कहा कि जब प्रतिनिधिमंडल ने सभी पीटीए शिक्षकों को एकमुश्त अनुबंध में लाने की मांग की तो उन्होंने उसे पूरा करने का आश्वासन दिया और कहा कि 7 साल पढ़ा चुके शिक्षकों को भी इसके दायरे में लाया जा सकता है।
प्रतिनिधिमंडल में महासचिव शिशुपाल गाजटा, उपाध्यक्ष प्रताप फौजी, संघर्ष समिति के अध्यक्ष सुभाष भारद्वाज, समिति के प्रेस सचिव गगन चौहान, सलाहकार अमित मुखिया, क्षेत्रीय उपाध्यक्ष अमित सूगा, जिला कांगड़ा प्रभारी अमित धीमान, अध्यक्ष राजेश भाटा और मायाराम कपूर सहित कई पदाधिकारी उपस्थित रहे।