हिमाचल में नई सरकार बनते ही भाजपा में बगावत शुरू हो गई है। बुधवार को मंत्रिमंडल में स्थान नहीं मिलने पर नरेंद्र बरागटा और विक्रम जरियाल के समर्थकों ने सार्वजनिक तौर पर अपनी नाराजगी जताई। जिला चंबा के भटियात से विधायक विक्रम जरियाल के समर्थकों ने रिज मैदान पर नारेबाजी की।
इनकी पुलिस से हल्की नोकझोंक भी हुई। उधर, जुब्बल कोटखाई से विधायक नरेंद्र बरागटा के समर्थक शपथ ग्रहण समारोह के बाद प्रेम कुमार धूमल के घर जुट गए। बरागटा को मंत्री न बनाए जाने से नाराज महासू जिले के सभी पदाधिकारियों ने सामूहिक इस्तीफे तक देने की धमकी दी। नरेंद्र बरागटा को धूमल और विक्रम जरियाल को शांता खेमे से माना जाता है।
बुधवार को दोनों नेताओं के नाम मंत्रिमंडल में शामिल नहीं होने से समर्थक उग्र हो गए। विक्रम जरियाल के समर्थकों ने मालरोड और रिज मैदान पर खूब हंगामा किया। शपथ ग्रहण समारोह के बाद उपजे विवाद में समर्थकों ने भाजपा के खिलाफ ही नारेबाजी शुरू कर दी।
पुलिस ने विधायक के समर्थकों को शांत करने की कोशिश की, लेकिन गुस्साए समर्थक नारेबाजी पर उतर आए। कुछ समर्थकों की पुलिस से हल्की नोकझोंक भी र्हुई। उधर, नरेंद्र बरागटा के समर्थक शपथ ग्रहण समारोह के बाद प्रेमकुमार धूमल के घर पहुंचे और अपनी नाराजगी जताई।
पदाधिकारियों की सामूहिक इस्तीफा देने की धमकी
जुब्बल कोटखाई नावर भाजपा मंडल अध्यक्ष गोपाल जवैइक ने कहा कि चुनाव प्रचार के दौरान वरिष्ठ भाजपा नेताओं ने नरेंद्र बरागटा को मंत्री बनाने की घोषणा की थी, लेकिन मंत्रिमंडल में जगह न देकर ऊपरी शिमला के लोगों से अन्याय किया गया है।
भाजपा के संगठनात्मक जिला महासू के महामंत्री अंकुश चौहान ने कहा कि ऊपरी शिमला के लोगों के साथ विश्वासघात हुआ है। जल्द महासू जिला कार्यकारिणी अपने पदों से इस्तीफा देगी।
ढली से पार्षद शैलेंद्र चौहान, फल एवं सब्जी उत्पादक संघ के अध्यक्ष हरीश चौहान, पंचायतीराज प्रकोष्ठ के संयोजक इंद्र धांटा, जिप सदस्य टिक्कर वार्ड चेतराम आजाद, नगर पंचायत जुब्बल के पूर्व सदस्य हुमेंद्र धोरटा, मनोज चौहान, ग्राम पंचायत पराली के पूर्व
प्रधान महेश शर्मा, युवा मोर्चा उपाध्यक्ष जतिन चौहान और बॉबी पिरटा ने कहा कि बरागटा की अनदेखी के 2019 के चुनावों में दुष्परिणाम भुगतने पड़ सकते हैं। सभी समर्थकों ने मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर से बरागटा को सम्मानजनक पद देने की मांग की।