हिमाचल प्रदेश सरकार भवनों की बेसमेंट खोलकर पार्किंग बनाने के लिए नीति तैयार करेगी। वर्तमान में बेसमेंट को बंद किया गया है। अब सड़क के साथ बने भवन मालिकों को यह राहत दी जा रही है। नगर निगम शिमला चुनाव के दौरान कांग्रेस पार्टी ने जनता से बेसमेंट को पार्किंग बनाए जाने का वायदा किया था। इसको लेकर अधिकारियों ने मंत्रणा शुरू कर दी है। टाउन एंड कंट्री प्लानिंग विभाग की ओर से इसके नियम तैयार किए जाएंगे। हिमाचल में पार्किंग की बड़ी समस्या है। हिमाचल में हर महीने ढाई से तीन सौ नए वाहनों आते हैं।
पार्किंग न होने से लोग सड़क के किनारे वाहन खड़े करने को मजबूर है। इससे जहां लोगों के चालान हो रहे है वहीं लोगों को भी पैदल चलने में दिक्कतें पेश आ रही है। शहरी क्षेत्रों में जगह की कमी के चलते पार्किंग के निर्माण में दिक्कतें पेश आ रही हैं। हालांकि, पूर्व भाजपा सरकार ने भी सड़क के साथ बने भवन मालिकों को लोहे की अस्थायी पार्किंग बनाने का फैसला लिया था। यह पार्किंग भवन के सेटबैक पर बननी थी, लेकिन यह जगह कम पाई गई है। उद्योगमंत्री हर्षवर्धन चौहान ने कांग्रेस भवन में जनता को आश्वस्त किया था कि सरकार जल्द बेसमेंट खोलकर वाहनों को खड़े करने के लिए पार्किंग की सुविधा की अनुमति देगी।