प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पीएम बनने के बाद पहली बार हिमाचल पहुंचे । मंडी में हो रही परिवर्तन रैली से पहले पीएम ने तीन बड़े प्रोजेक्टों का उद्घाटन किया। इस दौरान लोगों को संबोधित करते हुए मोदी ने कहा, मैं काशी से लोकसभा का प्रतिनिधित्व करता हूं और आज मिनी काशी में आप लोगों को संबोधित कर रहा हूं।' मोदी ने कहा,
- 40 साल से अटकी थी वन रैंक वन पेंशन योजना।
- मैंने इसकी पहली किश्त साढ़े पाच हजार करोड़ रुपए दी।
- बाकी तीन किश्त भी जल्द ही दिए जाएंगे।
- मुझे फौजी और उनके परिवार आशीर्वाद देते हैं।
- दुनिया में हमारी सेना के पराक्रम की चर्चा है।
- सेना की ताकत पर हमें गर्व है।
- दुनिया में पहले इजरायल की चर्चा होती थी।
- बीजेपी के लोगों ने खुद को पानी और लोगों की सेवा में खपा दिया।
- देश को हिमाचल प्रदेश उर्जा देता है।
- पुरानी फाइलों को ढूंढ कर परियोजनाओं पर फिर से काम किया जा रहा है।
- शौचालय से लेकर पनबिजली तक पर काम हो रहा है।
- नंगल तलवाड़ा परियोजना की फाइल 35 साल से धूल फांक रही है।
- एलईडी के बल्द से हिमाचल में रोज एक करोड़ रुपए की बचत हो रही है।
- आज दिल्ली में ऐसी सरकार बैठी है जो जीवन के हर क्षेत्र में काम कर रही है।
हिमाचल पहुंचने पर पीएम ने सबसे पहले मंडी के ऐतिहासिक पड्डल मैदान से एनएचपीसी के 520 मेगावाट पार्वती पावर स्टेशन और एसजेवीएनएल के 412 मेगावाट की रामपुर जल विद्युत स्टेशन और एनटीपीसी की आठ सौ मेगावाट की कोल डैम जलविद्युत परियोजना का उद्घाटन किया।
मंडी और बिलासपुर जिला की सीमा पर सतलुज नदी पर बने आठ सौ मेगावाट क्षमता की कोल डैम परियोजना एनटीपीसी का पहला हाइड्रो प्रोजेक्ट है। यह प्रोजेक्ट उत्तरी ग्रिड को बिजली आपूर्ति करता है। दिसंबर 2003 में तकनीकी आर्थिक स्वीकृति और मुख्य डैम पैकेज का कार्य मिलने के बाद सतलुज नदी पर परियोजना का काम शुरू किया।
इस प्रोजेक्ट में उत्पादित होने वाली बिजली में 12 प्रतिशत हिमाचल प्रदेश को निशुल्क मिलेगी। परियोजना से प्रभावितों को प्रति माह 100 यूनिट बिजली निशुल्क दी जाएगी। इसके अलावा दिल्ली, हरियाणा, पंजाब, राजस्थान, उत्तर प्रदेश, हिमाचल प्रदेश, जम्मू व कश्मीर, चंडीगढ़ को बिजली आपूर्ति की जाएगी।