भर्ती प्रक्रिया में दृष्टिबाधित, कम दृष्टि, श्रवण बाधित, ऑटिज्म स्पेक्ट्रम डिसऑर्डर, बौद्धिक दिव्यांगता, मानसिक बीमारी तथा बहु-दिव्यांगता सहित विभिन्न श्रेणियों के अभ्यर्थियों को शामिल किया गया है। प्रत्येक श्रेणी के लिए निर्धारित पदों का अलग-अलग रोस्टर भी जारी किया है। नियुक्ति के लिए अभ्यर्थी का जेबीटी/डीएलएड योग्यता के साथ टेट उत्तीर्ण होना अनिवार्य रहेगा। अभ्यर्थी ने मैट्रिक और जमा दो की शिक्षा हिमाचल प्रदेश के किसी संस्थान से प्राप्त की हो, हालांकि बोनाफाइड हिमाचली अभ्यर्थियों को इस शर्त से छूट रहेगी। काउंसलिंग में भाग लेने वाले अभ्यर्थियों को शैक्षणिक प्रमाण पत्र, टेट प्रमाण पत्र, बोनाफाइड हिमाचली प्रमाण पत्र, दिव्यांगता प्रमाण पत्र, जाति प्रमाण पत्र और अन्य आवश्यक दस्तावेजों की मूल प्रतियां साथ लानी होंगी। काउंसलिंग के बाद किसी अतिरिक्त दस्तावेज पर विचार नहीं किया जाएगा।
मेरिट में मिलेंगे अतिरिक्त अंक, प्रशिक्षु आधार पर होगी नियुक्ति
भर्ती प्रक्रिया में केवल शैक्षणिक योग्यता ही नहीं, बल्कि सामाजिक और आर्थिक परिस्थितियों को भी महत्व दिया जाएगा। दिव्यांगता प्रतिशत, अतिरिक्त योग्यता, बीपीएल परिवार, पिछड़ा क्षेत्र, भूमिहीन परिवार, एकल महिला, अनाथ या एकल पुत्री जैसी श्रेणियों के लिए अतिरिक्त अंक निर्धारित किए गए हैं। अधिकतम 30 अंकों के आधार पर अंतिम मेरिट तैयार होगी। चयनित अभ्यर्थियों की नियुक्ति प्रदेश सरकार की नई जॉब ट्रेनी नीति और वर्तमान भर्ती एवं पदोन्नति नियमों के तहत की जाएगी। जिला आवंटन अभ्यर्थियों की मेरिट और उनकी पसंद के आधार पर किया जाएगा।