संवाद न्यूज एजेंसी
शिमला। जिले की पंचायतों को 25 जुलाई तक सभी विकास योजनाएं तैयार करनी होंगी। इन योजनाओं के बनने के बाद ही विकास कार्यों के लिए बजट की पहली किस्त जारी की जाएगी। प्रदेश सरकार ने पंचायतों को 16वें वित्त आयोग के फंड को लेकर कई अहम निर्देश जारी कर दिए हैं। इसके अलावा यह भी कहा है कि वह योजना, ऑडिट और ऑनलाइन की शर्तें तय समय पर पंचायतें पूरी करें।
सरकार के अनुसार वर्ष 2026-27 से 2030-31 तक 3744 करोड़ रुपये का अनुदान मिलेगा। इनमें 2996 करोड़ रुपये बेसिक ग्रांट और 748 करोड़ रुपये परफॉर्मेंस ग्रांट के तौर पर शामिल हैं। बेसिक ग्रांट का उपयोग पंचायतें स्वच्छता, ठोस कचरा प्रबंधन और जल प्रबंधन जैसे कार्यों पर खर्च कर सकेंगी। अनटाइड ग्रांट (लचीला फंड) स्थानीय जरूरतों के विकास कार्यों पर खर्च होगी। ग्राम सभाओं में पंचायतें विकास योजना (जीपीडीपी) तैयार कर रही हैं। इसके बाद अब इन्हें पोर्टल पर अपलोड करने का काम भी शुरू कर दिया है। पंचायत समितियों और जिला परिषदों को भी अपनी विकास योजनाएं तय समय में तैयार कर ऑनलाइन अपलोड करने को कहा है।