सुप्रसिद्ध नृत्यांगना गीता चंद्रन ने आईआईएम सिरमौर और द स्कॉलर्स होम स्कूल पांवटा में दमदार प्रस्तुति से सबको मंत्रमुग्ध कर दिया। पद्मश्री भारत नाट्यम नृत्यांगना गीता चंद्रन और पद्मश्री डॉ. किरण सेठ ने लोक संस्कृति की धरोहर को संजोए रखने की युवाओं से अपील की।
चंद्रन ने श्रीकृष्ण-माता यशोदा की वात्सालय रस की लघु नाटिका, मीरा के श्रीकृष्ण प्रेम की प्रस्तुति से सबको मंत्रमुग्ध कर दिया। गीता ने आईआईएण संस्थान के विद्यार्थियों को संबोधित भी किया।
कहा कि कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य भारत में लुप्त होती प्राचीन भारत नाट्यम शैली तथा लोक संस्कृति सभ्यता को पुनर्जीवित करना है। शुक्रवार रात को कार्यक्रम का आगाज दीप प्रज्ज्वलन से हुआ।
संस्थान की निदेशक डॉ. नीरु मेहरोत्रा ने सभी मेहमानों का स्वागत किया। देश भर में इस तरह के कार्यक्रम आयोजित हो रहे हैं। देश की प्राचीन संस्कृति धरोहर को संजोए रखना जरूरी है।
इस दौरान आईएमएम सिरमौर के स्टूडेंट अफेयर्स चेयरपर्सन प्रो. विकास कुमार, संस्थान की सांस्कृतिक कमेटी कृतिकेश जावीर, डेंटल कॉलेज के निदेशक डॉ. वीके गुप्ता, विभिन्न स्कूलों के प्रतिनिधि मौजूद रहे।