अग्निशमन विभाग के वाहन भी देरी से पहुुंचे तब तक मकान जल कर राख हो गया था। मकान में सो रहा झींवरा राम भी बाहर नहीं निकल सका और जिंदा जलकर मौत हो गई।
जुब्बल कोटखाई के विधायक नरेंद्र बरागटा ने हादसे पर दुख व्यक्त किया है। उन्होंने बताया कि बुधवार सुबह ही प्रशासन को मौके पर जाकर प्रभावितों को राहत देने के निर्देश दे दिए गए थे। कहा कि प्रभावित परिवार की हर संभव सहायता की जाएगी।
बेटे की शादी की रिसेप्शन के लिए मकान की मरम्मत करवाई जानी थी। झींवरा राम ने पिछले कल हल मिस्त्री को बुलाया था और उसे समझाया कि किस तरह से घर की मरम्मत करनी है। लेकिन मंगलवार रात को अचानक घर में आग लग गई और इसमें झींवरा राम की जलकर मौत हो गई।
गलेंया गांव में मकान को लगी आग के कारण साथ लगते श्याम लाल के घर को भी आंशिक नुकसान हुआ है। आग से राख हुए मकान के पांच कमरे पूरी तरह जल गए हैं। प्रशासन ने दस लाख के नुकसान का अनुमान लगाया है।
प्रभावितों को दी फौरी राहत
तहसीलदार कोटखाई विद्याधर नेगी ने बताया कि हादसे में एक व्यक्ति की मौत हुई है। दो मंजिला मकान पुरी तरह से जल चुका है। प्रभावित परिवारों को 45 हजार रुपये की फौरी राहत दी गई है। तिरपाल, कंबल और राशन सामग्री भी उपलब्ध करवाई गई है।
चुराह उपमंडल की कलहेल के गांव घड़ेल में सेब के बगीचे में आग लग गई। इससे करीब 250 सेब के पौधे जलकर राख हो गए। यह हादसा बुधवार को सुबह के समय पेश आया। बगीचा स्थानीय निवासी जसवंत सिंह का है। हालांकि अभी तक बगीचे में आग लगने के कारणों का पता नहीं चल पाया है।
स्थानीय पंचायत प्रधान ने प्रशासन को इस बारे में सूचना दी। सूचना मिलने के बाद पटवारी ने मौका किया और इसकी रिपोर्ट तैयार कर ली है। प्रभावित जसवंत सिंह ने बताया कि बीते दिनों बगीचे में गुड़ाई का काम चल रहा रहा था। मगर बुधवार सुबह के समय उन्हें बगीचे में आग लगने की सूचना मिली।
सभी ग्रामीण मौके पर पहुंचे। ग्रामीणों ने आग बुझाने के भरसक प्रयास किए। मगर आग इतनी ज्यादा फैल चुकी थी कि आग पर ग्रामीण नियंत्रण नहीं पा सके और आग पूरा बगीचा खाक कर ही थमी। गौरतलब है कि मंगलवार को भी चुराह इलाके में हुए अग्निकांड में गौशाला में बंधे 15 पशुओं की मौत हो गई थी।
पिछले दो दिनों से यहां लगातार अग्निकांड के मामले सामने आ रहे हैं। प्रभावित जसवंत सिंह ने बताया कि वह बागवानी कर ही परिवार का पालन पोषण करता है। मगर अब सेब का बगीचा जल जाने से उसका कमाई का साधन भी खत्म हो गया है।
स्थानीय पंचायत प्रधान देसराज का कहना है कि इस बारे में सूचना मिली थी। मौके पर जाकर आग बुझाने के प्रयास किए गए। उन्होंने प्रशासन से मांग की है कि उचित मुआवजा प्रभावित को प्रदान किया जाए।
नायब तहसीलदार सुधीर कुमार ने बताया कि इस बारे में सूचना मिली थी। सूचना मिलते ही पटवारी को मौके पर भेजा गया है। उन्होंने कहा कि इस संबंध में रिपोर्ट तैयार की जा रही है। उन्होंने कहा कि जल्द ही उचित कार्रवाई की जाएगी।