हिमाचल प्रदेश में ब्लैक फंगस महामारी का एक और मरीज सामने आया है। आईजीएमसी शिमला में सोलन जिले से आए कोरोना पॉजिटिव मरीज में ब्लैक फंगस बीमारी की पुष्टि हुई है। प्रदेश में ब्लैक फंगस का यह पांचवां मरीज है। उधर, टांडा मेडिकल कॉलेज में शनिवार को सामने आए ब्लैक फंगस के दोनों मरीजों की रविवार को सर्जरी की गई। अस्पताल के एमएस डॉ. सुशील शर्मा ने बताया कि दोनों मरीजों की सर्जरी के दौरान संक्रमण वाले हिस्से को शरीर से अलग कर दिया गया है।
अब उनको दवाइयां दी जा रही हैं। दोनों के कोरोना पॉजिटिव होने के चलते उन्हें कोविड वार्ड में ही रखा गया है। एमएस ने बताया कि ब्लैक फंगस संक्रमण की बीमारी नहीं है, इसलिए कोविड वार्ड मे भर्ती अन्य कोरोना मरीजों को इससे खतरा नहीं है। उधर, आईजीएमसी में भर्ती सोलन के मरीज का यहां पहले कोरोना को रैपिड एंटीजन टेस्ट किया गया, जिसकी रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। इसलिए मरीज को आइसोलेशन वार्ड में दाखिल किया गया है। बताया जा रहा है कि नाक में ब्लैक फंगस से पीड़ित मरीज बीते कल सोलन में उपचार के लिए आया था।
यहां पर मरीज को ईएनटी विशेषज्ञों ने देखा और उपचार के लिए आईजीएमसी रेफर कर दिया। इस मरीज को आंख लाल होने और चेहरे पर सूजन की समस्या थी। सोमवार को मरीज का ऑपरेशन किया जाएगा। इसके अलावा हमीरपुर की ब्लैक फंगस से पीड़ित महिला मरीज की कोरोना रिपोर्ट निगेटिव आने के बाद ही आगामी उपचार शुरू होगा। आईजीएमसी के एमएस डॉ. जनक राज ने बताया कि अस्पताल में इस बीमारी से पीड़ित तीन मरीज दाखिल हैं। इनमें दो महिलाएं और एक पुरुष है।