हाईवे पर व्यक्ति ने फिर लगाया खोखा।
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हिमाचल प्रदेश के बिलासपुर जिले के मंगरोट में शिमला-मटौर राष्ट्रीय राजमार्ग पर राजनकांत नाम के व्यक्ति ने फिर खोखा लगा दिया। व्यक्ति ने सड़क पर चूल्हा जलाकर चाय भी बनाना शुरू कर दी है। राजनकांत ने आरोप लगाया है कि सड़क उसकी मलकीयत भूमि से होकर गई है और प्रशासन भूमि की निशानदेही नहीं कर रहा है। प्रशासन ने 5 मार्च को निशानदेही करने को कहा था, कुछ नहीं हुआ। अब वह निशानदेही होने तक हर रोज दिन में सड़क पर अपना टायर वाला खोखा लगाएगा। उधर, शुक्रवार को सड़क पर खोखा लगाने के बाद बरमाणा थाना पुलिस कर्मी उसे हटाने पहुंचे। इस दौरान पुलिसकर्मियों की राजनकांत और उसके परिवार से खूब बहस हुई। गहमागहमी के बाद पुलिस कर्मियों ने एसडीएम सदर से बात की और वहां से चले गए।
वहीं, एसडीएम सदर ने राजनकांत को सोमवार को बातचीत के लिए बुलाया है। राजनकांत ने दावा किया कि जिस जगह पर उसने खोखा रखा है, वहां पर खसरा नंबर 217/119 में उसकी माता के नाम पर 15 बिस्वा जमीन है। लेकिन, मौके पर करीब 12 बिस्वा जमीन ही निकल रही है। इस खसरा नंबर की निशानदेही उसकी माता ने साल 2009 में कराई थी। उस समय उनकी करीब तीन बिस्वा जमीन कम निकली थी। उस समय से वे अपनी जमीन की निशानदेही की मांग कर रहे हैं।
बता दें कि पिछले साल दिसंबर में उच्च न्यायालय के आदेश पर मंगरोट में राजमार्ग के किनारे से राजनकांत के खोखे को हटाया गया था। इसके बाद से यह भूमि विवाद शुरू हो गया। राजनकांत ने तब भी सड़क पर खोखा लगा दिया था, जिसे हटाने में प्रशासन को काफी मशक्कत करनी पड़ी थी। उधर, उपायुक्त बिलासपुर आबिद हुसैल सादिक ने बताया कि प्रशासन पहले निशानदेही करा चुका है। निशानदेही में भूमि सरकारी निकली है। खोखा लगाने वाले व्यक्ति को सोमवार को एसडीएम सदर ने बुलाया है। उसे निशानदेही की जानकारी दी जाएगी।