वार्ड पंच का चुनाव हारने के बाद एक दोधी ने पंचायत के तीन परिवारों का दूध बंद कर दिया। यह मामला ऊना की एक पंचायत का है। दोधी का मानना है कि उक्त परिवारों ने चुनाव में समर्थन नहीं दिया। परिणाम निकलने के बाद यह परिवार अगले दिन दूध की सप्लाई का इंतजार करते रहे, लेकिन दूधवाला नहीं आया। इस पर परिवार के सदस्य दोधी के पास पहुंच गए तो उसने साफ कर दिया कि अब दूध नहीं मिलेगा, कहीं और से व्यवस्था कर लो।
ऐसे में इन तीन परिवारों को दुकान से दूध मंगवाना पड़ा है और नए दोधी की तलाश भी इन्हें शुरू करनी पड़ी है। उपमंडल अंब की एक पंचायत में चुनाव नतीजों के बाद अजीब की स्थिति बन गई है। नतीजे विपरीत आने पर बिरादरी ने उस परिवार का सामूहिक बहिष्कार कर दिया है, जिसने उनके विरुद्ध प्रत्याशी उतारा था।