हिमाचल सरकार अगले चार वर्षों तक 18 लाख उपभोक्ताओं को बड़ी राहत देने जा रही है। इस अवधि में न तो घरेलू बिजली के दाम बढ़ाए जाएंगे और न ही डिपुओं में सस्ते राशन के। प्रदेश सरकार महंगाई के हिसाब से इन दोनों मदों पर हर साल सब्सिडी बढ़ाती रहेगी, ताकि जनता की जेब पर इसका असर न पड़े।
मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह की ओर से 18 मार्च को पेश किए गए बजट में इसका प्रावधान किया गया है। राज्य की माली हालत ठीक न होने के बावजूद सरकार सूबे की जनता की जेब पर किसी प्रकार का भार डालने के मूड में नहीं है।
यही कारण है कि बजट में सब्सिडी की लगातार बढ़ोत्तरी करने का फैसला लिया गया है। 2014-15 में राज्य सरकार की ओर से सस्ते राशन और सस्ती घरेलू बिजली मुहैया कराने के लिए 795.77 करोड़ रुपये की सब्सिडी दी थी।